Paili Water Supply Scheme : जिले के भारतपुर गांव के नरवा पार इलाके में ग्रामीण एक बोरवेल पर निर्भर हैं। पानी भरने रात में बर्तन रख लोगों को बारी आने का इंतजार करना पड़ता है।
Water Supply : दोपहर 3 बजे चिलचिलाती धूप के बीच जब कर्फ्यू जैसा माहौल होता है, तब मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले स्थित बरगी बांध से कुछ ही दूरी पर बसे भारतपुर गांव में इकलौते सरकारी बोरवेल पर कोहराम जैसे हालात रहते हैं। पेयजल के लिए ऐसी परिस्थितियां जबलपुर, कटनी, सिवनी, नरसिंहपुर जिले के 800 गांवों में भी हैं। इन गांवों में 749 करोड़ की 'पायली जल प्रदाय योजना' के बावजूद ग्रामीण बूंद-बूंद को तरस रहे हैं।
पत्रिका की पड़ताल में सामने आया कि, पाइप तो बिछा दिए गए हैं, लेकिन उनमें लंबे समय बाद भी सिर्फ हवा ही दौड़ रही है। जल निगम की प्रबंधक पलक उपाध्याय दावा करती हैं कि, 87 फीसदी काम पूरा हो गया है। जब उनसे पूछा गया कि, नल से जल कब मिलेगा तो जवाब मिलता है कि, 2027 तक लक्ष्य पूरा किया जाएगा। यानी जनता को दो और भीषण गर्मियां अभी इसी तरह काटनी होंगी।
-योजना 8 साल पहले इस वादे के साथ शुरू हुई थी कि, 662 गांवों के हर घर में नर्मदा जल पहुंचेगा, लेकिन आज भी स्थिति जस की तस है।
-जबलपुर जिले के 186 गांवों का लक्ष्य था। 53 तक ही पानी पहुंचा। शेष टेस्टिंग, अधूरे काम में उलझे हैं।
-सिवनी जिले के गांवों में से 88 टंकियां तो बनीं, लेकिन घरों के नलों तक पानी पहुंचने में 6 महीने से सालभर लग सकता है।
-कटनी जिले के 19 हजार घर नल कनेक्शन से वंचित हैं। सीएम हेल्पलाइन में 500 प्लस में से 224 शिकायतें ऐसी हैं कि, काम पूरा हुआ, पर पानी नहीं मिल रहा।
-नरसिंहपुर जिले के 37 गांव इस योजना में शामिल हैं। 23 टंकियों का निर्माण प्रस्तावित है। 17 बन चुकी हैं। 6 का काम जारी। नर्मदा किनारे बसे इन गांवों में भी जल संकट मंडरा रहा है।
-बरगी क्षेत्र में नल तो लगे हैं, लेकिन जल अब तक नहीं पहुंच सका है। ऐसे में गांव के कुएं में रात 12 बजे पंप चलता है। महिलाएं, बच्चे आधी रात को बर्तन लेकर कुएं के पास डेरा डालते हैं, तब कहीं जाकर उन्हें पानी मिल पाता है।
-कटनी जिले के बसेहड़ी आदिवासी मोहल्ले में योजना दम तोड़ चुकी है। 60 हजार का बिजली बिल बकाया होने से सप्लाई ठप हो जाती है। यहां भी रातभर लोगों को जागकर पानी का इंतजार करना पड़ता है।
-62 हजार कनेक्शन का लक्ष्य
-935.35 किमी. राइजिंग पाइप लाइन बिछानी थी
-909 किमी. पाइपलाइन बिछी
-2388 किमी.डिस्ट्रीब्यूशन पाइपलाइन बिछानी थी
-2388 किमी. पाइपलाइन बिछाने का काम पूरा