
Jabalpur Protest: मध्यप्रदेश के उज्जैन में स्थित खड़े हनुमान मंदिर का मामला बीते दिनों काफी सुर्खियों में रहा था। अब एक बार फिर इस मंदिर को हटाए जाने या विस्थापित करने के कथित प्रयासों का विरोध शुरू हुआ है। जबलपुर में बुधवार को अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद और राष्ट्रीय बजरंग दल महाकौशल प्रांत के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान विरोध प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं व नेताओं ने सीएम मोहन यादव के नाम ज्ञापन भी सौंपा है।
प्रांत मंत्री अर्पित सिंह ठाकुर के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने कलेक्टर कार्यालय में हनुमान चालीसा का पाठ कर विरोध जताया। मुख्यमंत्री मोहन यादव के नाम ज्ञापन सौंपते हुए मंदिर की यथास्थिति बनाए रखने की मांग की। अर्पित ठाकुर ने कहा कि मंदिर को हटाने के प्रयासों का संगठन लगातार विरोध कर रहा है और मांग पूरी नहीं होने पर पूरे प्रदेश में आंदोलन किया जाएगा। वहीं, अपर कलेक्टर स्मृति खंडेलवाल ने बताया कि संगठन की मांगों का अध्ययन कर ज्ञापन शासन को भेजा जाएगा।
बता दें कि उज्जैन के सती गेट के पास सड़क चौड़ीकरण का काम चल रहा है, सड़क चौड़ीकरण के तहत खड़े हनुमान का मंदिर भी आ रहा है। बीते महीने सितंबर में मंदिर को विस्थापित करने का प्रयास किया गया लेकिन दावा किया जाता है कि तमाम प्रयासों के बावजूद खड़े हनुमान मंदिर की प्रतिमा को हटाया नहीं जा सका। इसके वीडियो भी सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुए, जिसके बाद देशभर से श्रद्धालु मौके पर पहुंचे। खड़े हनुमान मंदिर की मूर्ति टस से मस न होने का मामला वायरल होने के बाद मध्यप्रदेश की पूर्व सीएम उमा भारती ने भी सीएम मोहन यादव को एक पत्र लिखा था। इस पत्र में उमा भारती ने भोपाल के रानी कमलापति के पास हुए रोड चौड़ीकरण के कार्य का जिक्र करते हुए लिखा था कि कमलापति रोड को चौड़ा करते वक्त मस्जिद को नुकसान नहीं पहुंचा था। यही समाधान उज्जैयिनी के खड़े हनुमान मंदिर का हो सकता है।