Ashok Gehlot: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अजमेर दौरे से पहले पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने उन्हें पुराने चुनावी वादे याद दिलाए।
जयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अजमेर दौरे से पहले पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने उन्हें पुराने चुनावी वादे याद दिलाए।अशोक गहलोत ने राइट टू हेल्थ, 100 यूनिट फ्री बिजली सहित कांग्रेस राज की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि इन योजनाओं को बंद या कमजोर करना ‘मोदी की गारंटी’ के विपरीत है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे पत्र में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि जब आप 2 अक्टूबर, 2023 को चित्तौड़गढ़ में चुनावी रैली को संबोधित करने आए थे, तब वादा किया था कि अगर बीजेपी सत्ता में आई तो राजस्थान में कांग्रेस राज कोई भी वेलफेयर स्कीम बंद नहीं की जाएगी।
गहलोत ने आगे लिखा कि राजस्थान के लोगों ने पीएम मोदी के चुनावी वादों को 'मोदी की गारंटी' मान लिया था। लेकिन, राजस्थान सरकार उस वादे के विपरित काम कर रही है। गहलोत ने पीएम मोदी से अपील की कि वे अजमेर दौरे के दौरान कांग्रेस राज की स्कीमों को उनके असली रूप में बहाल करें, ताकि लोग ठगा सा महसूस न करें।
1. देश का पहला स्वास्थ्य का अधिकार कानून बनने के बाद भी भजनलाल सरकार ने राइट टू हेल्थ के नियम लागू नहीं किए।
2. ऑनलाइन डिलीवरी पार्टनर्स की सामाजिक सुरक्षा के लिए बनाया गिग वर्कर्स वेलफेयर एक्ट भी ठंडे बस्ते में पड़ा है।
3. राजीव गांधी स्कॉलरशिप फॉर एकेडमिक एक्सीलेंस का नाम बदलने के साथ ही लाभार्थियों की संख्या 500 से घटाकर मात्र 150 कर दी गई।
4. इंदिरा रसोई योजना का नाम बदलकर अन्नपूर्णा रसोई कर दिया। लेकिन, केंद्रों पर कुप्रबंधन के कारण लाभार्थियों की संख्या में कमी आई है।
5. इंदिरा गांधी स्मार्टफोन योजना को उसके दूसरे फेज में ही बंद कर दिया गया।
6. कांग्रेस राज की 100 यूनिट फ्री बिजली स्कीम को पीएम सूर्य घर योजना से जोड़ दिया, जिससे इसके फायदे नए कंज्यूमर्स तक ही सीमित रहे।
7. गहलोत ने अन्नपूर्णा राशन किट, इंदिरा गांधी क्रेडिट कार्ड स्कीम, चिरंजीवी हेल्थ इंश्योरेंस स्कीम और आरजीएचएस को लेकर भी चिंता जताई।