
BJP Election Strategy: राजस्थान में निकाय और पंचायत चुनाव से पहले भाजपा ने युवाओं, खासकर जेन-जी वोटर्स तक पहुंच बनाने के लिए अपनी डिजिटल रणनीति में बदलाव किया है। पार्टी अब सोशल मीडिया पर पारंपरिक फोटो और लंबे वीडियो की बजाय इंस्टाग्राम रील को सबसे बड़ा प्रचार माध्यम बना रही है। संगठन का मानना है कि 18 से 30 वर्ष के युवा अब रील्स के जरिए अधिक जुड़ते हैं इसलिए चुनावी माहौल बनने से पहले उसी प्लेटफॉर्म पर अपनी मौजूदगी मजबूत करने की रणनीति अपनाई गई है। पार्टी सूत्रों के अनुसार सरकार-संगठन की उपलब्धियां, संगठन की गतिविधियां, प्रधानमंत्री के कार्यक्रम, सामाजिक और राजनीतिक विषयों पर छोटी-छोटी वीडियो रील तैयार कर नियमित पोस्ट की जाएंगी।
जानकारों का मानना है कि पहली बार मतदान करने वाले और सोशल मीडिया पर सक्रिय युवा चुनावी नतीजों को प्रभावित करने की क्षमता रखते हैं। यही कारण है कि भाजपा ने अब 'रील पॉलिटिक्स' को भी अपनी चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा बना लिया है।
भाजपा ने जिला और मंडल स्तर तक सोशल मीडिया नेटवर्क तैयार कर लिया है। अब बूथ स्तर तक भी टीम बनाई जाएगी, ताकि स्थानीय स्तर का कंटेंट भी तैयार कर प्रसारित किया जा सके। पार्टी डिजिटल एनालिटिक्स के जरिए यह भी अध्ययन कर रही है कि इंस्टाग्राम पर किस आयु वर्ग और किन क्षेत्रों के युवाओं तक उसकी पहुंच सबसे अधिक है, ताकि उसी आधार पर आगे की चुनावी रणनीति तय की जा सके। उद्देश्य यह है कि कम समय में अधिक से अधिक युवाओं तक पार्टी का संदेश पहुंचे और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उसकी पहुंच बढ़े।
युवा आज सबसे ज्यादा समय सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम पर बिता रहे हैं। इसे देखते हुए सोशल मीडिया टीम भी रील आधारित कंटेंट तैयार कर रही है। उद्देश्य यही है कि सरकार और संगठन के जनकल्याणकारी कार्यों व गतिविधियों की जानकारी सरल, आकर्षक और कम समय में ज्यादा से ज्यादा युवाओं तक पहुंचे।
हीरेन्द्र कौशिक, प्रदेश संयोजक (सोशल मीडिया), भाजपा राजस्थान
फेसबुक: 31 लाख
X (एक्स): 9.70 लाख
इंस्टाग्राम: 4.15 लाख
(भाजपा सोशल मीडिया के अनुसार)