Farmer Welfare : जहां एक तरफ गेहूं की खरीद 10 मार्च से शुरू होकर 30 जून तक चलेगी, वहीं मूंगफली खरीद की अवधि भी बढ़ाकर 10 मार्च कर दी गई है।
जयपुर। राजस्थान के किसानों के लिए आई बड़ी खबर। राज्य में गेहूं और मूंगफली की खरीद को लेकर सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। जहां एक तरफ गेहूं की खरीद 10 मार्च से शुरू होकर 30 जून तक चलेगी, वहीं मूंगफली खरीद की अवधि भी बढ़ाकर 10 मार्च कर दी गई है। इस साल गेहूं का समर्थन मूल्य 2425 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है, साथ ही किसानों को 150 रुपये प्रति क्विंटल बोनस भी मिलेगा। क्या इससे किसानों को राहत मिलेगी? क्या आपकी फसल को सही दाम मिलेगा? जानिए इस फैसले के पीछे की पूरी कहानी।
राज्य में गेहूं की समर्थन मूल्य पर खरीद 10 मार्च से शुरू होगी और 30 जून तक जारी रहेगी। भारतीय खाद्य निगम और राजस्थान राज्य सहकारी क्रय विक्रय संघ ने इसकी तैयारी कर ली है। इस वर्ष गेहूं का समर्थन मूल्य भारत सरकार ने 2425 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। वहीं राजस्थान कृषक समर्थन योजना के तहत राज्य सरकार ने समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीद पर बोनस राशि 150 रुपए प्रति क्विंटल घोषित की है।
सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक ने बताया कि किसानों को बड़ी राहत देते हुए प्रदेश में मूंगफली खरीद की अवधि को 10 मार्च तक बढ़ाया गया है। राज्य सरकार ने केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय को पत्र लिखकर खरीद अवधि बढ़ाने का आग्रह किया था, जिसे स्वीकार कर लिया गया है।
दक ने कहा कि खरीद की अवधि बढ़ाये जाने से पंजीकरण करवा चुके किसान बिना किसी बाधा के अपनी जिन्स का विक्रय कर पाएंगे। उन्होंने अधिकारियों को सभी पात्र किसानों से नियमानुसार तुलाई की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं जिससे मूंगफली विक्रय के इच्छुक किसान तुलाई से वंचित नहीं रहे। किसानों को तुलाई केन्द्रों पर कोई परेशानी नहीं हो, इसके लिए भी सभी प्रभारियों को निर्देशित किया गया है।
प्रमुख शासन सचिव एवं रजिस्ट्रार, सहकारी समितियां मंजू राजपाल ने बताया कि पूर्व में मूंगफली खरीद की अवधि 15 फरवरी तक निर्धारित थी जिसे राज्य सरकार के आग्रह पर 28 फरवरी तक बढ़ाया गया था। अब पुन: खरीद की अवधि 10 मार्च तक बढ़ाये जाने से राज्य के किसानों को इसका लाभ मिलेगा।