शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर पाबंदी लगाई है, लेकिन निर्वाचन विभाग ने शिक्षा विभाग को पत्र भेजकर कहा है कि बीएलओ या सुपरवाइजर का जिम्मा संभाल रहे शिक्षकों को इस पाबंदी से मुक्त रखें।
जयपुर। शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर पाबंदी लगाई है, लेकिन निर्वाचन विभाग ने शिक्षा विभाग को पत्र भेजकर कहा है कि बीएलओ या सुपरवाइजर का जिम्मा संभाल रहे शिक्षकों को इस पाबंदी से मुक्त रखें।
राजस्थान में लगभग 50 हजार शिक्षकों के पास बीएलओ और 10 हजार शिक्षकों के पास सुपरवाइजर का प्रभार है। निर्वाचन विभाग ने शिक्षा विभाग को कहा है कि एक अगस्त से एक जनवरी 2020 तक मतदाता सूचियों का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम चलेगा। इस दौरान बीएलओ के फोन हर समय चालू रहने चाहिए।
माध्यमिक शिक्षा निदेशालय की ओर से शिक्षकों के लिए स्कूल में मोबाइल पर प्रतिबंध के आदेश जारी हो चुके हैं। आदेश के अनुसार, अगर कोई शिक्षक स्कूल समय में मोबाइल का इस्तेमाल करता पाया गया तो उसके व सबंधित संस्था प्रधान के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षकों के मोबाइल स्कूल समय में कार्यालय में जमा रहेंगे। अक्सर शिक्षक कक्षाओं में मोबाइल का इस्तेमाल करते हैं, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित होती है।
इसलिए कोई भी शिक्षक भविष्य में मोबाइल का इस्तेमाल नहीं करेगा। इन आदेशों की पालना सख्ती से किए जाने के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारियों व संस्था प्रधानों को दिए गए हैं।