
जयपुर। परकोटा क्षेत्र के सुभाष चौक इलाके में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसे में 58 वर्षीय महिला की जान चली गई। बाजार जाने के लिए घर से निकली महिला पर पड़ोस की एक पुरानी हवेली का छज्जा और मलबा गिर गया। गंभीर हालत में उन्हें एसएमएस अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई, जबकि परिजनों ने पड़ोसी की लापरवाही को हादसे की वजह बताया है।
मृतका की पहचान बांदरी का नासिक निवासी शाकिरा बेगम के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, गुरुवार सुबह करीब सवा 11 बजे शाकिरा किसी घरेलू काम से बाजार जाने के लिए घर से निकली थीं। वह गली में कुछ ही कदम आगे बढ़ी थीं कि पड़ोस की जर्जर हवेली का छज्जा अचानक भरभराकर गिर पड़ा। मलबे और पत्थरों की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से घायल हो गईं।
स्थानीय लोगों की मदद से शाकिरा बेगम को तुरंत एसएमएस अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। घटना की सूचना मिलते ही परिवार के सदस्य अस्पताल पहुंच गए। शाकिरा बेगम अपने पीछे चार बेटे और दो बेटियों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गई हैं।
परिजनों का आरोप है कि पड़ोसी समीर बिना किसी सूचना के मकान के जर्जर हिस्से को तोड़ने का काम कर रहा था। इसी दौरान छज्जे का हिस्सा टूटकर नीचे से गुजर रही शाकिरा बेगम के ऊपर आ गिरा। हादसे के बाद आरोपी मौके से चला गया। परिजन मामले में कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
घटना के बाद सुभाष चौक थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। जिस हवेली का हिस्सा गिरा, उसमें बड़ी संख्या में लोग किराये पर रह रहे थे। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने सभी लोगों को मकान खाली करने के निर्देश दिए और हवेली को खाली कराया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जयपुर के इस इलाके में कई पुरानी और जर्जर हवेलियां खतरनाक स्थिति में हैं, लेकिन समय रहते उनकी मरम्मत या सुरक्षा के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। गौरतलब है कि इसी हवेली में कुछ दिन पहले भी छत का प्लास्टर गिरने से एक मासूम बच्चे की मौत हो चुकी थी। लगातार हो रहे हादसों के बाद अब क्षेत्र के लोग प्रशासन से जर्जर भवनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।