
जयपुर। बिजली सप्लाई और जनता की शिकायतों में लापरवाही करने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों पर जयपुर डिस्कॉम ने सख्ती दिखाते हुए तीन अलग-अलग मामलों में कार्रवाई की गई है।
कार्य में लापरवाही बरतने पर धौलपुर सहायक अभियंता रजत जैन को निलंबित किया है। वहीं जयपुर में सहायक अभियंता सुधीर कुमार को एपीओ किया है और कनिष्ठ अभियंता प्रखर अरोड़ा को चार्जशीट थमाई गई। उधर अनुबंधित कंपनी मैसर्स इनसाइट कस्टमर कॉल सोल्यूशन पर 50 लाख रुपए की पेनल्टी लगाई गई है।
जयपुर शहर में आगरा रोड, पुरानी चुंगी क्षेत्र के रानीसती नगर में निजी स्कूल संचालक ओम सिंघल की करंट लगने से मौत के मामले में बिजली का तार टूटने की सूचना मिलने के बाद भी इंजीनियर समय पर मौके पर नहीं पहुंचे। इसे गंभीरता से लेते हुए एई को एपीओ और जेई को चार्जशीट थमाई गई।
गौरतलब है कि, मंगलवार को हुए हादसे के विरोध में गुरुवार को लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। लोगों ने पुराना घाट स्थित विद्युत निगम कार्यालय पर करीब छह घंटे धरना-प्रदर्शन किया। बाद में तहसीलदार के मृतक परिवार को उचित मुआवजा दिलाने के आश्वासन पर धरना समाप्त हुआ।
जयपुर डिस्कॉम ने उपभोक्ताओं की शिकायत सुनने और संबंधित इंजीनियर व एफआरटी टीम को जानकारी देने के लिए केन्द्रीकृत कॉल सेंटर संचालित किया है। इसकी जिम्मेदारी अनुबंधित कंपनी को दी गई है। लेकिन कंपनी के कर्मचारी लगातार लापरवाही बरतते रहे। समीक्षा में पाया गया कि शिकायतों के निस्तारण में देरी, बिना निस्तारण के शिकायत बंद करना, कॉल सेंटर एग्जिक्यूटिव का अनुपस्थित रहना और रेस्पॉन्स में विलंब जैसी गंभीर खामियां सामने आई। इसी कारण कंपनी पर 50 लाख रुपए की पेनल्टी लगाई गई।