
Rajasthan Solar Energy: जयपुर। राजस्थान में तेजी से बढ़ रही सौर ऊर्जा क्रांति के बीच जयपुर विद्युत वितरण निगम (जयपुर डिस्कॉम) ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। केन्द्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (एमएनआरई) ने वित्तीय वर्ष 2024-25 के दौरान ग्रिड कनेक्टेड रूफटॉप सोलर क्षमता बढ़ाने पर जयपुर डिस्कॉम को 60.03 करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि मंजूर की है। यह राशि निगम को अब तक मिली सबसे बड़ी प्रोत्साहन राशि मानी जा रही है।
दरअसल, केंद्र और राज्य सरकार की ओर से रूफटॉप सौर ऊर्जा को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। खासकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना लागू होने के बाद आम उपभोक्ताओं में सोलर ऊर्जा को लेकर रुचि तेजी से बढ़ी है। इसका सीधा फायदा जयपुर डिस्कॉम को मिला है।
वित्तीय वर्ष 2024-25 में जयपुर डिस्कॉम ने 187 मेगावाट अतिरिक्त रूफटॉप सौर ऊर्जा क्षमता जोड़ी। इसी उपलब्धि के आधार पर एमएनआरई ने निगम को 60.03 करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि स्वीकृत की। इस क्षमता में घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ वाणिज्यिक, औद्योगिक, सामाजिक और सरकारी संस्थानों द्वारा लगाए गए रूफटॉप सोलर प्लांट भी शामिल हैं।
| वित्तीय वर्ष | प्रोत्साहन राशि (करोड़ रुपए में) |
|---|---|
| 2019-20 | 14.98 करोड़ |
| 2020-21 | 23.61 करोड़ |
| 2021-22 | 29.13 करोड़ |
| 2022-23 | 14.94 करोड़ |
| 2023-24 | 22.20 करोड़ |
| 2024-25 | 60.03 करोड़ |
एमएनआरई ने पहले चरण में देशभर के 14 बिजली वितरण निगमों को कुल 1422 करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि स्वीकृत की है। इनमें जयपुर डिस्कॉम का प्रदर्शन उल्लेखनीय माना जा रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भी निगम लगातार बेहतर प्रदर्शन करता रहा है। वर्ष 2019-20 में निगम को 14.98 करोड़ रुपए, 2020-21 में 23.61 करोड़ रुपए, 2021-22 में 29.13 करोड़ रुपए, 2022-23 में 14.94 करोड़ रुपए और 2023-24 में 22.20 करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि मिल चुकी है।
ऊर्जा विशेषज्ञों का मानना है कि राजस्थान में सौर ऊर्जा की अपार संभावनाएं हैं और आने वाले वर्षों में रूफटॉप सोलर का दायरा और तेजी से बढ़ेगा। इससे उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत मिलने के साथ-साथ स्वच्छ और हरित ऊर्जा को भी बढ़ावा मिलेगा। जयपुर डिस्कॉम की यह उपलब्धि प्रदेश में ग्रीन एनर्जी मिशन को नई गति देने वाली मानी जा रही है।
जयपुर डिस्कॉम को रूफटॉप सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में 60.03 करोड़ रुपए की रिकॉर्ड प्रोत्साहन राशि मिलना राजस्थान के लिए बड़ी उपलब्धि है। यह दिखाता है कि प्रदेश तेजी से ग्रीन एनर्जी की दिशा में आगे बढ़ रहा है। पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना ने आम लोगों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रेरित किया है। इससे न केवल बिजली बिल कम होंगे, बल्कि पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी। 187 मेगावाट नई क्षमता जोड़ना बताता है कि अब लोग पारंपरिक बिजली की बजाय स्वच्छ ऊर्जा पर भरोसा जता रहे हैं। आने वाले समय में राजस्थान देश का प्रमुख सोलर हब बन सकता है।