जयपुर

फर्जी मार्कशीट बनाकर लगवाता था नौकरी, बदले में लेता था 35 हजार, वांटेड के बैग से कई फेक दस्तावेज बरामद

राजधानी जयपुर में फर्जी मार्कशीट बनाने के मामले में ई-मित्र संचालक को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी के पास बैग में कई अभ्यर्थियों के नाम से तैयार की गई फर्जी मार्कशीट मिली हैं।
less than 1 minute read
Oct 17, 2025
Jaipur News E-mitra operator arrested
एसओजी ने की कार्रवाई (फोटो- पत्रिका)

जयपुर: स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने सरकारी नौकरियों के लिए फर्जी मार्कशीट बनाने के मामले में 25 हजार के इनामी ई-मित्र संचालक हरियाणा के गणियार निवासी सौरभ सिंह (30) को गिरफ्तार किया। आरोपी के पास बैग में कई अभ्यर्थियों के नाम से तैयार की गईं फर्जी मार्कशीट मिली हैं।


न्यायालय ने उसे शुक्रवार तक एसओजी की रिमांड पर सौंपा है। एसओजी के एडीजी वीके सिंह ने बताया कि अजमेर स्थित भारतीय डाक विभाग कार्यालय के प्रवर अधीक्षक ने फर्जीवाड़े के संबंध में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। इसमें बताया कि जीडीएस ऑनलाइन इंगेजमेंट 2023 शेड्यूल आइआइ के तहत ऑनलाइन आवेदन लिए थे।


बहरोड़ के भूपखेड़ा निवासी अभ्यर्थी लोकेश यादव ने काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन नई दिल्ली बोर्ड की ओर से जारी 10वीं की अंक तालिका प्रस्तुत कर ऑनलाइन आवेदन किया था। आरोपी लोकेश यादव का अंतिम रूप से चयन हुआ था।


बोर्ड ने नहीं की जारी


एडीजी ने बताया कि डाक विभाग ने संबंधित बोर्ड से आरोपी लोकेश की 10वीं की मार्कशीट का सत्यापन करवाया। बोर्ड ने मार्कशीट फर्जी बताते हुए जारी नहीं करना बताया। तभी अनुसंधान के बाद लोकेश को गिरफ्तार किया। उसने पूछताछ में बताया कि मार्कशीट उसके दोस्त विकास कुमार यादव व हितेश यादव ने बनवाई थी।


इस पर विकास व हितेश को गिरफ्तार किया गया। दोनों ने पूछताछ में बताया कि मार्कशीट हरियाणा निवासी सौरभ सिंह की ई-मित्र पर 35 हजार रुपए देकर बनवाई थी। आरोपी सौरभ फरार हो गया था। मुखबिर की सूचना पर आरोपी को 13 अ€क्टूबर को पकड़ा।


सरकारी नौकरी का देता झांसा


आरोपी सौरभ बेरोजगारों को सरकारी नौकरी का झांसा देता था। आरोपी बेरोजगारों से मोटी रकम लेकर स्कूल, कॉलेज और अन्य डिप्लोमा की अंकतालिका व प्रमाण पत्र तैयार करके देता था।

Published on:
17 Oct 2025 09:47 am