जयपुर

जयपुर में 3 फर्जी कॉल सेंटर पर पुलिस की रेड, 22 लड़के-लड़कियां हिरासत में, विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी

Jaipur Police Raid: जयपुर साइबर स्पेशल टास्क टीम ने फर्जी वीजा कॉल सेंटर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए शहर के तीन ठिकानों पर छापेमारी की। कार्रवाई में 20 महिलाओं समेत 22 आरोपी गिरफ्तार किए गए। पुलिस ने लैपटॉप, 22 मोबाइल, रजिस्टर और अन्य दस्तावेज जब्त किए।
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Jul 17, 2026
Jaipur Fake Call Centers Raid
फर्जी कॉल सेंटर से 22 लड़के-लड़कियां हिरासत में (फोटो सोशल मीडिया)

Jaipur Fake Call Centers Raid: राजधानी जयपुर में साइबर ठगों के एक बड़े और संगठित नेटवर्क का खुलासा हुआ है, जो फर्जी वीजा कॉल सेंटर चलाकर मासूम लोगों से लाखों रुपए की ठगी कर रहा था। जयपुर पुलिस आयुक्तालय की साइबर स्पेशल टास्क टीम ने शहर के तीन अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी करते हुए 22 लड़के-लड़कियों को हिरासत में लिया है। इस पूरे रैकेट को संचालित करने वालों में मुख्य रूप से 20 लड़कियां और 2 लड़के शामिल हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, लैपटॉप, मोबाइल फोन और कई अहम दस्तावेज जब्त किए हैं।

ऐसा था ठगी का तरीका

जांच में सामने आया है कि लड़के-लड़कियां बेहद शातिर तरीके से लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। इनका मुख्य लक्ष्य ऐसे लोग होते थे, जो विदेश जाकर नौकरी करने या वहां बसने का सपना देखते हैं। ये आरोपी फर्जी वेबसाइट, मैसेज और ऑनलाइन माध्यमों के जरिए लोगों से संपर्क करते थे।

फोन कॉल पर ये खुद को प्रतिष्ठित इमिग्रेशन कंपनियों का अधिकारी बताते थे। एक बार जब कोई व्यक्ति इनके झांसे में आ जाता, तो ये उससे फर्जी वीजा आवेदन फॉर्म भरवाते थे। इसके बाद फाइल चार्ज, प्रोसेसिंग फीस, मेडिकल जांच और विभिन्न एंबेसी शुल्कों के नाम पर लोगों से ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करवा लिए जाते थे। जब पीड़ित को ठगी का अहसास होता, तब तक ये अपना नंबर बंद कर चुके होते थे।

इस पूरी कार्रवाई को पुलिस आयुक्त सचिन मित्तल के मार्गदर्शन और विशेष पुलिस आयुक्त (ऑपरेशंस) ओम प्रकाश के निर्देशन में अंजाम दिया गया। पुलिस उपायुक्त (अपराध) संजीव नैन के नेतृत्व में सीएसटी टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर जाल बिछाया था। पुलिस को सूचना मिली थी कि महेश नगर और जालूपुरा थाना क्षेत्रों में फर्जी कॉल सेंटर धड़ल्ले से चल रहे हैं।

तीन अलग-अलग टीमों का गठन कर छापे मारे

पहली कार्रवाई जालूपुरा थाना क्षेत्र के एमआई रोड स्थित गणपति प्लाजा में चल रहे एक ऑफिस में की गई। यहां से पुलिस ने 5 लड़कियों को गिरफ्तार किया। मौके से 5 मोबाइल फोन, तीन रजिस्टर, कर्मचारियों की उपस्थिति पंजिका, एक कॉपी, सीपीयू और मॉनिटर जब्त किए गए।

दूसरी छापेमारी महेश नगर थाना क्षेत्र के न्यू सांगानेर रोड स्थित नवजीत बिल्डिंग में हुई। यहां संचालित फर्जी कॉल सेंटर से भी 5 लड़कियां पकड़ी गईं। पुलिस ने यहां से 6 मोबाइल फोन, छह रजिस्टर, उपस्थिति पंजिका और एक डायरी बरामद की।

तीसरी और सबसे बड़ी कार्रवाई महेश नगर इलाके के स्वेज फार्म स्थित ट्रिनिटी मॉल में की गई। यहां संचालित हाई-टेक ऑफिस से 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 10 लड़कियां और 2 लड़के शामिल थे। यहां से पुलिस ने 11 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, दो रजिस्टर, उपस्थिति पंजिका और एक डायरी जब्त की है।

फिलहाल, पकड़े गए सभी 22 लड़के-लड़कियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामले दर्ज कर लिए गए हैं। पुलिस अब इन सभी से सघन पूछताछ कर रही है, ताकि इस पूरे रैकेट के मास्टरमाइंड तक पहुंचा जा सके।

पुलिस यह पता लगा रही है कि इस गिरोह का नेटवर्क किन-किन राज्यों तक फैला है और अब तक कितने लोगों को ठगी का शिकार बनाया गया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ इस मामले में और भी बड़ी गिरफ्तारियां होने की पूरी संभावना है।

Updated on:
17 Jul 2026 05:58 pm
Published on:
17 Jul 2026 05:58 pm