कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने इस्तीफे के 9 महीने के बाद पहली विभागीय समीक्षा बैठक में सख्त रवैया अपनाते हुए बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की।
कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने इस्तीफे के 9 महीने के बाद पहली विभागीय समीक्षा बैठक ली। इस दौरान किरोड़ी लाल ने सख्त रवैया अपनाते हुए बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की। इस मीटिंग से किरोड़ी लाल ने साफ संदेश दिया कि विभाग को भ्रष्टाचार विहीन और काम नहीं करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई करना उनकी प्राथमिकता रहेगी।
उन्होंने काम में लापरवाही के चलते ज्वाइंट डायरेक्टर गजानंद यादव को निलंबित कर दिया। साथ ही ज्वाइंट डायरेक्टर भरतपुर योगेश कुमार शर्मा को एपीओ कर बीकानेर ट्रांसफर कर दिया।
मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने बैठक के दौरान कहा कि यह किसानों के लिए लाभकारी बागवानी और कृषि से जुड़ी केंद्र और राज्य की योजनाओं की समीक्षा बैठक है। हम किसानों से मिली शिकायतों के संबंध में अधिकारियों से चर्चा कर रहे हैं। हम सुनिश्चित करेंगे कि कोई अनियमितता और भ्रष्टाचार न हो और केंद्र और राज्य की योजनाएं किसानों तक पहुंचे।
उन्होंने बैठक समाप्ति के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि अब उनके मन में कोई गिले-शिकवे नहीं हैं। पहले भी नहीं थे, लेकिन चुनाव हारने के बाद इस्तीफा देना जरूरी था। नहीं तो मीडिया लगातार सवाल पूछता रहता। अब पार्टी आलाकमान ने कहा है कि काम शुरू करो, इसलिए फिर से सक्रिय हुआ हूं।