New covid variant JN.1: देश में एक बार कोरोना ने दस्तक दे दी है। केरल के बाद अब राजस्थान में भी कोरोना के नए केस मिले है। राज्य में दो दिन में 5 संक्रमित मिल चुके हैं।
New covid variant JN.1: देश में एक बार कोरोना ने दस्तक दे दी है। केरल के बाद अब राजस्थान में भी कोरोना के नए केस मिले है। राज्य में दो दिन में 5 संक्रमित मिल चुके हैं। संक्रमितों में नए वैरिएंट की पहचान के लिए जीनोम सिक्वेंसिंग करवाई जा रही है। इधर, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना, श्वसन रोग से बचाव और नियंत्रण को लेकर एडवायजरी जारी की है। विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह ने इसे सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
चिकित्सा शिक्षा आयुक्त शिवप्रसाद नकाते की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय कमेटी गठित करते हुए ग्रेडेड रेस्पॉन्स सिस्टम (केसेज की संख्या के अनुसार चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता) तैयार किए जाने के निर्देश दिए हैं। कोविड प्रबंधन के लिए एडवाइजरी जारी करते हुए सभी जिला कलक्टर को पत्र लिखने के निर्देश दिए। प्रदेश के राजकीय अस्पतालों के साथ ही निजी अस्पतालों में भी जांच, दवा, बैड, ऑक्सीजन सहित अन्य चिकित्सा सुविधाओं को परखने के लिए 26 दिसम्बर को दोबारा मॉक ड्रिल की जाएगी। इस दौरान मेडिकल कॉलेज अस्पतालों से लेकर जिला अस्पतालों एवं सीएचसी-पीएचसी में जांच किट, दवा, ऑक्सीजन आदि चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता तय की जाएगी। कोरोना के नए वैरिएंट JN.1 को लेकर आरयूएचएस के कुलपति डॉक्टर सुधीर भंडारी ने कहा कि जब तक जीनोम अनुक्रमण का परिणाम नहीं आता तब तक ये पता लगा सकते है कि नया वैरिएंट ओमीक्रॉन के किस जनरेशन का है।
घबराए नहीं, बरतें सावधानी
केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया ने कोविड 19 की वृद्धि को रोकने के लिए एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की ,जिसमें उन्होंने सांस सम्बन्धी रोगियों की निगरानी करने के निर्देश दिए। चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार कोविड का नया सब वैरिएंट खतरनाक नहीं है, लेकिन बुजुर्ग लोगों को और अन्य बीमारी से पीड़ित लोगो को गंभीर परिस्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इसके लिए विभाग ने अलग रहने की सलाह देता है। विभाग का कहना है कि हमे सतर्क रहना होगा लेकिन घबराहट पैदा नहीं करनी है।