
Rajasthan Crime News: राजस्थान से सामने आई कुछ दिल दहला देने वाली आपराधिक वारदातों ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि वे न केवल बेरहमी से हत्या जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, बल्कि सबूत मिटाने के लिए शवों के टुकड़े करने और उन्हें कट्टों में छिपाकर फेंकने से भी नहीं कतरा रहे हैं। ऐसे कुछ मामले टोंक, जयपुर, जोधपुर, बीकानेर और पाली जिले से सामने आए हैं।
टोंक जिले के मेहंदवास थाना इलाके के लवादर गांव में शुक्रवार को एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई। यहां एक सुनसान जगह पर पड़े प्लास्टिक के बोरों से पिछले दो-तीन दिनों से बदबू आ रही थी। शुरुआत में ग्रामीणों ने इसे सामान्य समझा, लेकिन जब बदबू बर्दाश्त से बाहर हो गई, तो ग्रामीणों ने वहां पड़े संदिग्ध कट्टों को टटोला।
जब एक बोरा खोलकर देखा गया तो सबके होश उड़ गए। वहां कुल 4 प्लास्टिक के बोरे पड़े थे, जिनमें से एक के अंदर महिला का कमर से नीचे का आधा कटा हुआ हिस्सा बरामद हुआ। महिला का सिर, गर्दन और छाती का हिस्सा गायब था। हत्यारों ने पहचान छिपाने और सबूत मिटाने के उद्देश्य से शव को बीच से दो हिस्सों में काट दिया था।
घटना की सूचना पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) रतनलाल भार्गव, सिटी सीओ मृत्युंजय मिश्रा और उनियारा सीओ आकांक्षा चौधरी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। साक्ष्य जुटाने के लिए मोबाइल इन्वेस्टिगेशन यूनिट और फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की टीमों को बुलाया गया। फिलहाल, पुलिस हुलिए और कपड़ों के आधार पर मृतका की शिनाख्त करने तथा शरीर के बाकी हिस्सों को ढूंढने के लिए लापता लोगों के रिकॉर्ड खंगाल रही है।
जयपुर जिले के माधोराजपुरा के पास दोसरा गांव (खातियों की ढाणी) में पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महज चार घंटे के भीतर एक अंधी हत्या का सनसनीखेज खुलासा किया। यहां एक पति ने अपनी प्रेमिका के साथ मिलकर अपनी ही गर्भवती पत्नी की बेरहमी से हत्या कर दी और लाश को घर के भीतर ही कट्टों में छिपा दिया।
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक हनुमान प्रसाद के अनुसार, आरोपी शंकरलाल गुर्जर (28) का पड़ोस में रहने वाली भावना जाट (23) नाम की युवती से प्रेम संबंध था। रास्ते से हटाने के लिए दोनों ने शंकरलाल की पत्नी सम्पत देवी को मारने की साजिश।
साजिश के मुताबिक, भावना ने सम्पत देवी को चाय पीने के बहाने अपने घर बुलाया और उसमें नशीली दवा मिला दी। जैसे ही सम्पत देवी अचेत होने लगी, भावना ने उसके सिर पर कुल्हाड़ी के पिछले हिस्से से ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद दोनों ने शव को प्लास्टिक के तिरपाल में लपेटा और कट्टों से ढककर घर के अंदर ही छिपा दिया।
मृतका के जेठ गोवर्धन गुर्जर ने जब गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई, तो अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (दूदू) शिवलाल बैरवा और थानाधिकारी रणधीर सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया। कड़ाई से पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
जोधपुर से भी एक ऐसी ही खौफनाक वारदात सामने आई थी, जहां दो दिनों से लापता एक महिला ब्यूटीशियन (अनीता) की बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस मामले ने भी टोंक की घटना की तरह ही क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं।
जांच में सामने आया था कि आरोपी ने महिला को झांसा देकर बुलाया और फिर उसकी हत्या कर दी। साक्ष्य मिटाने और पहचान छुपाने के लिए हत्यारे ने मृतका के शव को 6 अलग-अलग टुकड़ों में काट दिया और उन्हें ठिकाने लगाने की कोशिश की। मृतका के बेटे ने आरोप लगाया था कि आरोपी ने उसकी मां को धोखे से बुलाया और इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया।
जयपुर के करधनी थाना क्षेत्र में एक पत्नी ने घरेलू कलह और रोज-रोज के झगड़ों से तंग आकर अपने पति शेख हासन (34) की हथौड़े से वार कर हत्या कर दी। पत्नी ने पुलिस को बताया कि उसका पति शराब पीकर रोज मारपीट करता था। रात को जब विवाद बढ़ा, तो उसने गुस्से में हथौड़े से उसके सिर पर हमला कर दिया। वारदात को छिपाने के लिए महिला ने अपने नाबालिग बेटे की मदद ली और दोनों ने शव को एक कचरा गाड़ी में डालकर ठिकाने लगाने का प्रयास किया।
बीकानेर जिले के खाजूवाला में पति ने अपनी पत्नी जसवीर कौर की बेरहमी से हत्या कर दी। इस मामले में सनसनीखेज मोड़ तब आया, जब हत्या करने के बाद आरोपी पति हरप्रीत सिंह मौके से भागने के बजाय खुद चलकर पुलिस थाने पहुंच गया और अपना जुर्म कबूल कर आत्मसमर्पण कर दिया।
पाली जिले से भी बुजुर्ग महिलाओं को निशाना बनाने और क्रूरता से हत्या करने की दो वारदातें सामने आईं, जिसने ग्रामीणों में आक्रोश पैदा कर दिया।
पाली के एक गांव में एक बुजुर्ग महिला की घर में घुसकर निर्मम हत्या कर दी गई। हत्यारे का मकसद लूटपाट करना था। लूटपाट के ही एक अन्य खौफनाक मामले में बदमाशों ने एक महिला की जान ले ली।
हद तो तब हो गई जब लुटेरों ने महिला के पैरों में पहने चांदी के कड़े (कड़िया) चुराने के लिए धारदार हथियार से उसके दोनों पैर ही काट डाले। महिला का शव कट्टे में मिलने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन भी किया था।
गौरतलब है कि राजस्थान के ये अलग-अलग मामले अपराधियों के दुस्साहस और उनके क्रूर होते तरीकों को बयां करते हैं। जहां जयपुर ग्रामीण और बीकानेर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए कुछ ही घंटों में मामलों का खुलासा कर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया। वहीं, टोंक पुलिस के सामने अब भी अज्ञात महिला के बाकी अंगों को खोजने और उसके कातिलों तक पहुंचने की एक बड़ी चुनौती खड़ी है।