जयपुर

Rajasthan Panchayat Elections : दिवाली की छुट्टी में पंचायत चुनाव की ड्यूटी से शिक्षक संगठन नाराज, पढ़ाई होगी प्रभावित

Rajasthan Panchayat Elections : राजस्थान में पंचायत राज चुनाव की तारीखों को लेकर शिक्षक संगठनों का विरोध शुरू हो गया है। वजह चुनाव कार्यक्रम का अर्द्धवार्षिक परीक्षाओं और दीपावली अवकाश के बीच आना है।
2 min read
teachers unions upset rajasthan panchayat election duty diwali holidays
Rajasthan Panchayat Elections : प्रतीकात्मक फोटो एआइ से बनाया है।

Rajasthan Panchayat Elections : राजस्थान में पंचायत राज चुनाव की तारीखों को लेकर शिक्षक संगठनों का विरोध शुरू हो गया है। वजह चुनाव कार्यक्रम का अर्द्धवार्षिक परीक्षाओं और दीपावली अवकाश के बीच आना है। शिक्षक संगठनों का तर्क है कि एक तरफ स्कूलों में परीक्षाएं चलेंगी, दूसरी तरफ शिक्षकों को चुनाव प्रशिक्षण और मतदान ड्यूटी में जाना होगा। मतदान केंद्र बनने वाले स्कूलों का अधिग्रहण भी होगा। ऐसे में शिक्षकों के साथ विद्यार्थियों की परेशानी भी बढ़ सकती है।

शिविरा कैलेंडर के अनुसार, अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं 15 से 29 अक्टूबर तक प्रस्तावित हैं, जबकि 4 से 15 नवंबर तक दीपावली अवकाश है। इसी अवधि में पंचायत चुनाव के अलग-अलग चरण निर्धारित किए गए हैं। जिला परिषद सदस्यों के चुनाव 23 व 29 अक्टूबर और 4 व 14 नवंबर को तथा पंच-सरपंच के चुनाव 25 व 31 अक्टूबर और 6 व 16 नवंबर को होने हैं। ऐसे में परीक्षा, चुनाव प्रशिक्षण और मतदान की तारीखें आस-पास होने से स्कूलों की व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका है।

शिक्षक संगठनों के अनुसार राजस्थान में पंचायत चुनाव की ड्यूटी एक दिन के मतदान तक सीमित नहीं रहती। मतदान सामग्री लेने, बूथ तैयार करने, मॉक पोल, मतदान, ईवीएम और सामग्री जमा कराने से लेकर पंच-सरपंच चुनाव, मतगणना और अन्य चुनावी प्रक्रिया में कई दिन लगते हैं।

शिक्षकों के सामने खड़ी होगी व्यावहारिक परेशानी

अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं 15 से 29 अक्टूबर तक हैं और इसके बाद दीपावली अवकाश है। चुनाव कार्यक्रम के कारण दोनों प्रभावित होंगे। इससे स्कूलों और शिक्षकों के सामने व्यावहारिक परेशानी खड़ी होगी।
डॉ. रणजीत मीणा, प्रदेश अध्यक्ष, राजस्थान शिक्षक संघ एकीकृत

चुनाव ड्यूटी पूरी कर समय पर घर पहुंचना मुश्किल

दीपावली अवकाश का बड़ा हिस्सा चुनावी कार्यों में बीतेगा। दूर-दराज पदस्थ शिक्षकों के लिए चुनाव ड्यूटी पूरी कर समय पर घर पहुंचना मुश्किल होगा। इससे शिक्षक परिवार के साथ त्योहार भी नहीं मना पाएंगे।
विपिन प्रकाश शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष, राजस्थान प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षक संघ

राजस्थान में पंचायत चुनावों का बजा बिगुल

राजस्थान में पंचायत चुनावों का बिगुल बज गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने शनिवार को प्रदेश की 14,403 ग्राम पंचायतों, 457 पंचायत समितियों और 41 जिला परिषदों के चुनावों के कार्यक्रम की घोषणा कर दी। चुनाव 4 चरणों में होंगे।

जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के लिए 23 अक्टूबर, 29 अक्टूबर, 4 नवंबर और 14 नवंबर को वोट डाले जाएंगे। परिणाम 20 नवंबर को आएगा। राज्य के बारां, श्रीगंगानगर, करौली और कोटा जिले की कुछ संस्थाओं का कानूनी कार्यकाल बचा हुआ है। इसलिए वहां 22 दिसंबर 2026 के बाद चुनाव कराए जाएंगे।

राजस्थान में सरपंच पद के चुनाव भी 4 चरणों में 25 अक्टूबर, 31 अक्टूबर, 6 नवंबर और 16 नवंबर को होंगे। सरपंच और वार्ड पंच के चुनाव मतपत्र से जबकि जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के लिए चुनाव ईवीएम से होंगे। सरपंच चुनाव के लिए अधिकतम चुनाव खर्च सीमा एक लाख रुपए होगी। सरपंच चुनाव के लिए वोटिंग समाप्त होने के बाद उसी दिन देर रात तक मतगणना कर परिणाम जारी किए जाएंगे।