जयपुर

Jaipur Crime : पुलिसकर्मी बनकर आए, महिला को नकली जेवर थमाकर असली सोने की चेन और चूड़ियां ले गए

बदमाशों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर इलाके में चाकूबाजी और लूट का हवाला दिया और सुरक्षा का झांसा देकर असली जेवर उतरवा लिए। चालाकी से असली जेवरों की जगह नकली चेन व आर्टिफिशियल चूड़ी रखकर आरोपी मौके से फरार हो गए।
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Jul 23, 2026
Fake Policemen Fraud
पीड़ित महिला व सीसीटीवी फुटेज में दिखे बदमाशा। फोटो: पत्रिका

जयपुर। बजाज नगर थाना क्षेत्र के बरकत नगर में पुलिसकर्मी बनकर आए दो शातिर बदमाश ई-रिक्शा से लौट रही महिला को झांसा देकर सोने की चेन और चूड़ियां ठग ले गए। बदमाशों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर इलाके में चाकूबाजी और लूट का हवाला दिया और सुरक्षा का झांसा देकर असली जेवर उतरवा लिए। चालाकी से असली जेवरों की जगह नकली चेन व आर्टिफिशियल चूड़ी रखकर आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस के अनुसार, बरकत नगर निवासी नीरज कुलश्रेष्ठ (53) बुधवार सुबह महेश नगर स्थित डॉक्टर के पास गई थीं। लौटते समय ई-रिक्शा से उतरकर जब वह पैदल घर की ओर बढ़ रही थीं, तब घर से महज 100 मीटर पहले बाइक सवार दो युवकों ने उन्हें रोक लिया।

युवकों ने कथित पुलिस पहचान पत्र दिखाते हुए कहा कि जयपुर शहर में अपराध बढ़ गए हैं, इसलिए वे अपने सोने के जेवर उतारकर पर्स में रख लें। महिला ने घर पास होने की बात कही, लेकिन दोनों नहीं माने। इसके बाद उन्होंने महिला से चेन और सोने की चूड़ियां उतरवाईं और पुड़िया बनाकर पर्स में रखने का नाटक किया। घर पहुंचकर जब महिला ने पर्स खोलकर देखा, तो उसमें असली जेवरों की जगह नकली चेन और एक आर्टिफिशियल चूड़ी रखी मिली। इसके बाद पीड़िता ने परिजनों और पुलिस को सूचना दी।

ईरानी गैंग की करतूत

बजाज नगर थाना प्रभारी रामधन ने बताया कि घटना को अंजाम देने वाले बदमाश 'ईरानी गैंग' के सदस्य हैं। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपियों की पहचान कर ली है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

फर्जी पुलिसकर्मियों और ठगी से ऐसे बचें

आइडी की जांच करें: यदि कोई खुद को पुलिसकर्मी बताकर रोके, तो तुरंत उसका नाम, पद और आधिकारिक आइडी कार्ड दिखाने को कहें। साधारण कागज या फर्जी बैज पर भरोसा न करें।

पुलिस कभी जेवर उतरवाती नहींः असली पुलिस कभी भी राहगीरों को सड़क पर सुरक्षा के नाम पर गहने उतारकर पर्स या बैग में रखने की सलाह नहीं देती। ऐसा कहने वाला व्यक्ति ठग हो सकता है।

संदेह होने पर तुरंत 112/100 पर कॉल करें: यदि कोई पुलिस का डर दिखाए या दबाव बनाए, तो घबराने के बजाय तुरंत अपने फोन से कंट्रोल रूम (112 या। 100) पर फोन कर स्थिति की जानकारी दें।

जेवर खुद अपने पास रखेंः यदि किसी परिस्थिति में गहने उतारने भी पड़ें, तो उन्हें कभी भी किसी अनजान व्यक्ति या कथित पुलिसकर्मी के हाथ में न दें। हाथ की सफाई से पुड़िया बदलना इनका मुख्य तरीका होता है।

अकेले में बात न करें: ऐसे में तुरंत आसपास के लोगों, दुकानदारों को आवाज देकर पास बुला लें। भीड़ जमा होते ही ऐसे ठग मौके से भाग खड़े होते हैं।

Updated on:
23 Jul 2026 11:20 am
Published on:
23 Jul 2026 11:19 am