जालोर

Jalore News: मंदिर में हादसा, लिफ्ट से निकलते समय गिरे सरकारी शिक्षक, अस्पताल में हुई मौत

Teacher Death: सियाणा के खेतलाजी मंदिर में दर्शन के दौरान एक दर्दनाक हादसे में शिक्षक मांगीलाल मेघवाल की जान चली गई। लिफ्ट से बाहर निकलते समय संतुलन बिगड़ने से वे नीचे गिर गए, जिससे उनकी मौत हो गई।

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Jun 06, 2026
Jalore teacher dies
मांगीलाल मेघवाल। फाइल फोटो- पत्रिका

जालोर। सियाणा कस्बे में सुकड़ी नदी के किनारे स्थित खेतलाजी मंदिर में एक दर्दनाक हादसा हो गया। मंदिर परिसर में लगी लिफ्ट से बाहर निकलते समय संतुलन बिगड़ने से एक शिक्षक नीचे गिर गए, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर परिजन और मंदिर ट्रस्ट के सदस्य मौके पर पहुंचे तथा घायल शिक्षक को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

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देवाड़ा निवासी भंवरलाल पुत्र वीरमाराम ने बताया कि उनके चाचा मांगीलाल मेघवाल अपने तीन साथियों के साथ सियाणा स्थित खेतलाजी मंदिर में दर्शन करने आए थे। दर्शन के लिए वे अपने साथियों के साथ मंदिर परिसर में लगी लिफ्ट से ऊपर गए। बताया जा रहा है कि उनके अन्य साथी लिफ्ट से सुरक्षित बाहर निकल गए, लेकिन मांगीलाल मेघवाल का संतुलन बिगड़ गया और वे लिफ्ट से नीचे गिर पड़े। हादसे में उन्हें गंभीर चोटें आईं और वे मौके पर ही बेहोश हो गए।

चिकित्सकों ने जांच के बाद मृत घोषित किया

घटना की जानकारी मिलते ही मंदिर ट्रस्ट के सदस्य और उनके साथी तत्काल उन्हें राजकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। समाचार लिखे जाने तक शव का पोस्टमार्टम नहीं किया गया था। जानकारी के अनुसार मृतक मांगीलाल मेघवाल आकोली के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे। उनके निधन की खबर मिलते ही परिजनों, ग्रामीणों और शिक्षा विभाग में शोक की लहर फैल गई।

पहले भी हुआ हादसा

गौरतलब है कि कुछ दिन पहले भी एक अन्य हादसे में शिक्षक की जान चली गई थी। भीलवाड़ा जिले के हुरड़ा क्षेत्र में तेज आंधी के दौरान दीवार गिरने से एक शिक्षक की मौत हो गई थी। स्थानीय जवाहर नवोदय विद्यालय में पीजीटी कंप्यूटर साइंस विषय के अध्यापक योगेश कुमार नामा खेल मैदान में टहल रहे थे। इसी दौरान तेज आंधी और धूल से बचने के लिए वे मैदान में बने स्टेज के पीछे दीवार के सहारे खड़े हो गए। अचानक तेज अंधड़ के कारण दीवार भरभराकर गिर गई और वे उसके नीचे दब गए।

काफी देर तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों और विद्यालय के चौकीदार ने उनकी तलाश की। खोजबीन के दौरान वे दीवार के मलबे में दबे मिले। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया था। योगेश कुमार नामा मूल रूप से टोंक जिले के पीपलू गांव के निवासी थे। उनके परिवार में पत्नी, एक पुत्र और एक पुत्री हैं।

Published on:
06 Jun 2026 04:39 pm