Jodhpur Firing: जोधपुर में हुई फायरिंग के मामले में फरार मुख्य आरोपी देवेन्द्रसिंह उर्फ मनसा को पुलिस ने जालोर जिले के आहोर से गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से 6 अवैध पिस्टल और 11 मैगजीन बरामद हुई हैं।
जालोर। पिछले दिनों जोधपुर के मंगलदीप कॉम्प्लेक्स में फायरिंग की घटना के बाद फरार देवेन्द्रसिंह उर्फ मनसा को जोधपुर पुलिस ने आहोर से गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से 6 अवैध पिस्टल और 11 मैगजीन बरामद हुई हैं। देवेन्द्र अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त के संगठित गिरोह से जुड़ा हुआ है। पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत भी मामला दर्ज किया है। इधर, फायरिंग घटना में घायल दोनों का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
पुलिस के अनुसार मंगलदीप कॉम्प्लेक्स में फायरिंग की घटना को गंभीरता से लेते हुए अलग-अलग टीमें गठित की गईं। मामले की जांच कर रहे चौपासनी हाउसिंग बोर्ड थाना प्रभारी सुरेश चौधरी की अगुवाई में टीमों ने अलग-अलग जगह दबिश दी। मुख्य आरोपी देवेन्द्र पुत्र भंवरसिंह निवासी सोनणी, जिला नागौर हाल खींवसिंह मूर्ति के पास ओमनगर को जालोर जिले में आहोर से गिरफ्तार करने में सफलता हासिल हुई। देवेन्द्र का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। वह अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में लिप्त है। आरोपी अभी दो दिन के रिमांड पर है।
अवैध हथियार बरामद होने के बाद अब पुलिस इस गिरोह के अन्य सदस्यों की कुंडली खंगाल रही है। हथियारों की खरीद-फरोख्त को लेकर पड़ताल की जा रही है। देवेन्द्र के खिलाफ आर्म्स और मारपीट के आरोपों में पूर्व में तीन मामले दर्ज हैं। जबकि, अस्पताल में भर्ती छोटूसिंह पर एक तथा अनिल विश्नोई पर पांच मामले दर्ज हैं। अनिल विश्नोई का एम्स तथा छोटूसिंह का डाली बाई चौराहे पर स्थित अस्पताल में इलाज चल रहा है। अनिल की हालत गंभीर बताई जा रही है।
फायरिंग की घटना में गोली जानबूझकर चलाई गई अथवा पिस्टल गिरने से चली, यह संशय अब भी बना हुआ है। रिमांड पर लिए गए मुख्य आरोपी देवेन्द्र से पुलिस कड़ी पूछताछ कर रही है। हालांकि, इसमें दोनों घायलों के बयानों के बाद स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
अस्पताल में भर्ती छोटूसिंह पुत्र माधुसिंह निवासी सोलंकियातला देवराजगढ़ और अनिल विश्नोई पुत्र जीवराम विश्नोई निवासी रावत नगर भदवासिया के बयान अभी नहीं हो पाए हैं। पुलिस को उनके स्वस्थ होने का इंतजार है। पुलिस ने मंगलदीप कॉम्प्लेक्स की सघनता से तलाशी ली है। मोबाइल फोरेंसिक यूनिट तथा एमओबी टीम ने भी घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया।