कानून के तहत सख्त कार्रवाई का प्रावधान बनाया जाए
जांजगीर-चांपा. पत्रिका डॉट काम द्वारा आयोजित टॉपिक ऑफ द डे में आरटीआई कार्यकर्ता तथा आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता संजय शर्मा उपस्थित हुए। उनका मानना रहा कि सूचना के अधिकार कानून से निश्चित तौर पर लगाम लगा है, बस आवश्यकता है, तो इस कानून के तहत सख्त कार्रवाई का प्रावधान बनाया जाए, जिससे आगे भ्रष्टाचार में लिप्त लोगों के मन में भय पैदा हो और वे इससे दूर रहें।
आरटीआई कार्यकर्ता तथा आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता संजय शर्मा ने बताया कि इस कानून से कागजों में ही काम होने वाले प्रकरणों में बहुत कमी आई है। उन्होंने बताया कि शासन की विभिन्न योजनाएं केवल कागजों में चल रही थी, जो इस कानून के लागू होने के बाद काफी हद तक भरातल पर आए हैं और इसका लाभ लोगों को मिल रहा है। उन्होंने बताया कि सूचना के अधिकार के तहत लोग सभी शासकीय कार्यों का व्यौरा ले सकते हैं
और अपने क्षेत्र में इसके क्रियान्वयन पर निगाह रख सकते हैं। इस कानून को लेकर उनका यह भी मानना रहा कि भ्रष्टाचारियों पर सख्त कार्रवाई नहीं होने से कई लोग ऐसे हैं, जिन्हें अब समाज का भय भी नहीं रह गया है और वे बिना हिचक भ्रष्टाचार को अंजाम दे रहे हैं। इस कानून के प्रावधानों में कुछ बदलाव की मांग करते हुए भ्रष्टाचार सामने आने पर सख्त कार्रवाई करने की बात कही। इसी तरह उन्होंने बताया कि भ्रष्टाचार की जड़ समाज व व्यवस्था में पूरी तरह जम चुकी है। लोगों के दिमाग में भी बैठ गया है
कि बिना लेन-देन के उनका काम नहीं हो सकता, जो स्थिति समाज के विकास के लिए अच्छी नहीं मानी जा सकती। उनका मानना रहा कि समाज व व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार को हटाने आमजन को ही सामने आना होगा। उन्होंने दिल्ली में बनी व्यवस्था का उदाहरण देते हुए बताया कि वहां की शिक्षा व्यवस्था आज पूरे देश में सबसे बेहतर हो गई है,
जहां सरकारी स्कूल के बच्चे बोर्ड व प्रतियोगी परीक्षाओं में आगे रह रहे हैं। दिल्ली में स्वास्थ्य सुविधा के बारे में भी बताया कि कम बजट के बाद भी सभी को नि:शुल्क सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। दिल्ली के लोग अपनी सरकार चला रहे हैं। उन्होंने आम आदमी पार्टी की चुनावी रणनीति पर भी चर्चा करते हुए बताया कि
घर-घर जाकर संपर्क करते हुए लोगों को बताया जा रहा है कि किस तरह वे अपनी सरकार का चयन करें। उन्होंने बताया कि आम आदमी पार्टी सत्ता परिवर्तन के मकसद से चुनाव में नहीं शामिल हो रही है, बल्कि पार्टी व्यवस्था परिवर्तन के लिए संघर्ष कर रही है। उन्होंने लोगों से भी व्यवस्था परिवर्तन करने में सहयोग करने का अग्रह किया।