Mahtari Vandan Yojana: छत्तीसगढ़ में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से संचालित महतारी वंदन योजना के तहत ई-केवायसी प्रक्रिया भले ही शासन ने पूरी तरह नि:शुल्क घोषित की हो, लेकिन जमीनी स्तर पर इसकी हकीकत कुछ और ही नजर आ रही है...
Mahtari Vandan Yojana: छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में संचालित महतारी वंदन योजना के अंतर्गत इन दिनों व्यापक स्तर पर ई-केवाईसी अभियान चलाया जा रहा है। शासन एवं संबंधित विभागों द्वारा संचालित इस अभियान का मुख्य उद्देश्य योजना से जुड़ी सभी पात्र हितग्राहियों के दस्तावेजों का सत्यापन कर उन्हें बिना किसी बाधा के नियमित लाभ सुनिश्चित करना है। यह प्रक्रिया च्वाईस सेंटरों के माध्यम से तेजी से पूरी की जा रही है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवाईसी प्रक्रिया पूरी तरह नि:शुल्क है और इसके लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाना चाहिए। इस अभियान के दौरान जिले के कुछ क्षेत्रों से लगातार शिकायतें मिल रही हैं कि कुछ केंद्रों द्वारा लाभार्थियों से केवाईसी प्रक्रिया के नाम पर 50 से 100 रुपए तक की अवैध राशि वसूली जा रही है।
लगातार शिकायत के बाद नपं नरियरा के सरकारी आवास में संचालित विकास च्वाइस सेंटर में पहुंचे, जहां 50 रुपए तक पैसा लिया जा रहा है। इनको किसी प्रकार का डर भी नहीं है, च्वाइस सेंटर के संचालक द्वारा फोन पे से भी पैसा लिया जा रहा है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग द्वारा किसी प्रकार की कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
यह स्थिति विशेष रूप से ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों में देखने को मिल रही है। जहां लाभार्थियों को नियमों की पूरी जानकारी नहीं होने के कारण वे मजबूरी में भुगतान कर देते हैं। ज्ञात हो कि शासन ने इस प्रक्रिया को पूर्णत: नि:शुल्क रखा है। इस तरह की अनियमितताएं न केवल नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि योजना की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर भी सवाल खड़े करती हैं।
इस संबंध में डीपीओ अनिता अग्रवाल का कहना है कि हमारे विभाग के कर्मचारी नहीं है। इसलिए कार्रवाई नहीं कर सकते है। इस पर च्वाइस सेंटर के अधिकारी ही कार्रवाई करेंगे। कार्रवाई नहीं होने से जिले में ऐसे च्वाइस सेंटर संचालकों के हौसले बुलंद है और खासकर भोलेभाले ग्रामीणों से खुलेआम वसूली किया जा रहा है।
महतारी वंदन योजना की राशि बनी वर्किंग कैपिटल, ममता ने बनाया बिजनेस मॉडल- छत्तीसगढ़ सरकार की ‘महतारी वंदन योजना’ (Mahtari Vandan Yojana) आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं के लिए एक बिजनेस मॉडल की तरह काम कर रही है। अम्बिकापुर के मिशन चौक की रहने वाली ममता जायसवाल ने इस योजना से मिलने वाली राशि का उपयोग घर खर्च के बजाय अपने छोटे से व्यवसाय को विस्तार देने में किया है… पूरी खबर पढ़े