- यातायात के बढ़ते दबाव के कारण ही लंबे समय से इसे चौड़ा करने की जरूरत महसूस की जा रही है।
जांजगीर-चांपा. नैला से जांजगीर सड़क पर व्यापारियों के कब्जे से सड़कों में हर रोज जाम लग रहा है। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। समस्या से लोगों को निजात नहीं मिल पा रही है। कुछ दिन पहले दो-चार व्यापारियों पर कार्रवाई कर अपना पल्ला झाड़ लिया था।
इसी तरह पुलिस व नगर पालिका के अधिकारियों ने बताया कि सड़क के दोनों ओर पीली पट्टी लगाया जाएगा। इसके बाद अगर उस पीली पट्टी से बाहर सामान आया तो जब्ती की कार्रवाई की जाएगी, लेकिन दो माह गुजर जाने के बाद भी अब तक सड़कों में कोई पीली पट्टी नजर नहीं आ रही है। ऐसे में मात्र अधिकारियों का कहना हवा-हवाई साबित हो रहा है। ऐसा नहीं है कि पालिका इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है, लेकिन समय-समय पर कार्रवाई कर खानापूर्ति की जाती है।
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पालिका की कार्रवाई से कुछ दिनों तक तो व्यापारी अपना सामान उठा लेते है, इसके बाद फिर अपनी पुरानी आदतों को छोडऩे का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसे में वाहन चालकों को खासी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ठीक इसी तरह पुराना बस स्टैण्ड के पास व्यापारियों का कब्जा इस कदर बढ़ गया है कि सड़क पर चलना दुभर हो जाता है। हाल ही में पालिका द्वारा कार्रवाई की गई थी, लेकिन फिर अपनी-अपनी सामानों को सड़क पर प्रदर्शनी के तौर पर रखी जाती है। यातायात के बढ़ते दबाव के कारण ही लंबे समय से इसे चौड़ा करने की जरूरत महसूस की जा रही है। यदि व्यापारियों की मांग मानकर इसकी चौड़ाई 12 मीटर कर दी जाए तो भी समस्या का स्थाई हल नहीं निकल सकेगा।
दो-चार दिन कार्रवाई फिर उदासीनता
नगर पालिका के अतिक्रमण विरोधी अमले की उदासीनता से कचहरी चौक के बड़े हिस्से पर फुटकर व्यवसाइयों ने कब्जा कर रखा है। सब्जी के ठेले, चाट-पकौड़ी के ठेलों से सड़क संकरी हो गई है। इस सड़क को एकांगी करने के साथ ही अतिक्रमण सख्ती से हटाना बेहद जरूरी है। अवैध कब्जे के कारण ही दुकानों के सामने वाहन खड़े करने की जगह नहीं बची है। दो-तीन वाहन खड़े होने पर ही जाम लग जाता है।
सड़क पर सामान निकालने की आदत नहीं छोडऩे वाले है व्यवसायी
व्यापारियों को पुलिस व नगर पालिका समझा-बुझाकर थक चुकी है। व्यापारी अपनी आदतों में सुधार लाने की जहमत नहीं उठा रहे है। ऐसे में अगर बड़ी कार्रवाई की जाती है तो शायद व्यापारियों की आदत में सुधार आ सके।