जांजगीर चंपा

साइलेंट किलर: होटल के टेबल पर बैठे-बैठे लुढ़क गया युवक, अस्पताल पहुंचने से पहले हुई मौत… डॉक्टरों ने बताया शॉकिंग कारण

Janjgir Champa News: युवक एक होटल में जाकर टेबल पर बैठा दिख रहा है। इसके बाद वह अचानक गिर जाता है और उसकी मौत हो जाती है।
2 min read
युवक की अचानक हार्ट अटैक से मौत (Photo source- Patrika)
युवक की अचानक हार्ट अटैक से मौत (Photo source- Patrika)

CG News: जिला मुख्यालय में साइलेंट अटैक से एक व्यक्ति की मौत हो गई। मौत का लाइव वीडियो सामने आया है। वीडियो में युवक एक होटल में जाकर टेबल पर बैठा दिख रहा है। इसके बाद वह अचानक गिर जाता है और उसकी मौत हो जाती है। डॉक्टरों की मानें तो उसको सुबह से सीने में दर्द हो रहा था। गैस समझकर वह दवा खा रहा था। इसलिए सतर्क रहें, हर चेस्ट पैन जरूरी नहीं गैस का हो। डॉक्टरों से जरूरी सलाह जरूर लें। वर्तमान में लगातार अटैक के मामले बढ़ रहे हैं। ऐसे में सावधानी बहुत जरूरी है।

दरअसल यह पूरा मामला जिला मुख्यालय के स्टेशन रोड के एक होटल का बताया जा रहा है। जहां ४८ वर्षीय शांति नगर निवासी शिवनारायण पिता स्व. ननकू राम गढ़ेवाल को रविवार को घबराहट महसूस हुई। साथ ही उसके सीने में दर्द हुआ। वह गैस का दर्द समझकर बिना डॉक्टरी परामर्श दवा खा रहा था। इसी दौरान दोपहर करीब 12 बजे वह स्टेशन रोड एक होटल पहुंचा। जहां टेबल पर जाकर बैठ गया, तभी अचानक उसे साइलेंट अटैक आया और वह जमीन पर गिर गया। लोगों ने उसे गिरते हुए देखा तो दौड़कर उसके पास पहुंचे, तभी उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने चेकअप किया तो वह मृत पाया गया।

जिला अस्पताल डॉक्टर लोकेन्द्र कश्यप ने बताया कि चेस्ट पैन की शिकायत सुबह से था, गैस का समझकर दवा या किसी डॉक्टरी से परामर्श नहीं ले रहा था। शिवनारायण को ब्लड प्रेशर व शुगर भी था। घर में एकमात्र वहीं कमाने वाला था। साथ ही दो बच्चे के सिर से पिता का साया उठ गया। परिजनों का रो-रोककर बुरा हाल हो रहा है। डॉक्टरों की मानें हार्ट अटैक के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। ऐसे में सावधानी बहुत जरूरी है। साथ ही इससे बचने के लिए सुबह के समय अपने शरीर को कम से कम आधा घंटा जरूर देना चाहिए।

सीपीआर देने का तरीका

जिला अस्पताल के मेडिसिन विशेषज्ञ डॉक्टर लोकेन्द्र कश्यप के अनुसार मरीज हार्ड सरफेस (सख्त जमीन) पर होना चाहिए, मरीज की बॉडी आपके घुटनों के पास होनी चाहिए, सीपीआर देने वाले व्यक्ति के दोनों कंधे मरीज की चेस्ट के ऊपर होने चाहिए, पेशेंट के दोनों चेस्ट निपल्स के बीच हथेली को रखते हुए बॉडी वेट से कम्प्रेस करना (दबाना) चाहिए। एक मिनट में 100 से 120 बार कम्प्रेशन करना चाहिए, 30 बार चेस्ट दबाने के बाद दो बार मुंह से सांस देनी चाहिए। मुंह से नहीं देना चाहे तो चेस्ट दबाना जारी रखे। इससे चेस्ट को वापस रिकॉल करने का मौका मिलता है।

क्या होता है साइलेंट अटैक

जिला अस्पताल के मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. लोकेन्द्र कश्यप ने बताया कि साइलेंट अटैक के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। इसका प्रमुख कारण खानपान, लाइफस्टाइल और व्यायाम न करना है। साइलेंट अटैक को आम भाषा में साइलेंट इस्केमिया के नाम से भी जाना जाता है। हार्ट अटैक में जहां सीने में दर्द होता है, वहीं साइलेंट अटैक में ऐसा कुछ नहीं होता और व्यक्ति की अचानक मौत हो जाती है। साइलेंट अटैक से बचाव के लिए सबसे महत्वपूर्ण डाइट है। खानपान में हरी सब्जियां खाइए, छिलके वाली दाल और मौसमी फल शामिल करें।

हार्ट अटैक के सामान्य लक्षण

अचानक बीमार महसूस करना
रुक-रुककर चक्कर आना
पुरूषों के सीने में तेज दर्द
तेजी से पसीना आना
जबड़े में दर्द
महिलाओं की पीठ में ज्यादा दर्ज
बहुत ज्यादा थकान महसूस करना।

Updated on:
18 Aug 2025 10:32 am
Published on:
18 Aug 2025 10:31 am
Also Read
View All
Shehnaz Akhtar Live Performance: जांजगीर में 16 अक्टूबर को सजेगी भक्ति की शाम, शहनाज अख्तर की भजन संध्या में झूमेंगे श्रद्धालु

CG Strike: जांजगीर में पटवारियों की हड़ताल में भक्ति का माहौल, नामांतरण और सीमांकन के लिए भटक रहे लोग

Supreme Court Notice: जांजगीर में एक करोड़ की मानहानि याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, तत्कालीन एसडीएम इंद्रजीत बर्मन समेत तीन को नोटिस

Breaking: CM साय के दौरे से पहले कांग्रेस नेताओं पर पुलिस की कार्रवाई, 4 जिला पंचायत सदस्य हाउस अरेस्ट, जानें वजह

Chhattisgarh News: बच्चों के भविष्य से खिलवाड़! 18 निजी स्कूलों ने अब तक नहीं उठाईं सरकारी किताबें, जानें वजह