जौनपुर

Jaunpur Land Dispute: 2 साल से नहीं मिली सुनवाई, डीएम कार्यालय के बाहर परिवार ने डीजल डालकर की आत्मदाह की कोशिश

Jaunpur Land Dispute: जौनपुर में जमीन विवाद को लेकर दो साल से अधिकारियों के चक्कर काट रहे परिवार ने डीएम कार्यालय के बाहर आत्मदाह की कोशिश की। पुलिस और एलआईयू टीम ने समय रहते परिवार को रोक लिया और अस्पताल भेजा।
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Aug 19, 2026
Jaunpur Land Dispute
जौनपुर कलेक्ट्रेट में परिवार ने आत्मदाह का प्रयास

Jaunpur Land Dispute: जमीन पर कब्जे की शिकायत लेकर करीब दो साल से अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर काट रहा एक परिवार बुधवार को डीएम कार्यालय पहुंचा। आरोप है कि लगातार शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं होने से परेशान परिवार ने कलेक्ट्रेट के बाहर आत्मदाह की कोशिश की। हालांकि मौके पर मौजूद पुलिस, एलआईयू और सुरक्षाकर्मियों ने समय रहते तीनों को रोक लिया।

मामला जौनपुर के बदलापुर थाना क्षेत्र के ऊदपुर गेल्हवा गांव का है। यहां करीब 10 डिसमिल जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। गांव निवासी देवीप्रसाद का दावा है कि जमीन उनकी है, जबकि आरोप है कि कुछ दबंग लोगों ने उस पर कब्जा कर रखा है। परिवार का कहना है कि जब भी वे जमीन पर निर्माण या कब्जा लेने की कोशिश करते हैं तो दूसरे पक्ष के लोग उनके साथ मारपीट कर उन्हें वहां से भगा देते हैं।

शिकायतों के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई

देवीप्रसाद के परिवार के मुताबिक, जमीन विवाद को लेकर उन्होंने कई बार प्रशासनिक अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए। समाधान दिवस में भी शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन उन्हें अपेक्षित कार्रवाई नहीं मिली। परिवार ने 17 अगस्त को भी समाधान दिवस में पहुंचकर अपनी समस्या बताई थी। इसी शिकायत में परिवार ने चेतावनी दी थी कि अगर जमीन विवाद में कार्रवाई नहीं हुई तो वे आत्मदाह कर लेंगे। आरोप है कि इसके बाद भी मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

डीजल लेकर डीएम कार्यालय पहुंचे

बुधवार को देवीप्रसाद अपनी पत्नी संतरा देवी और बेटी के साथ डीएम कार्यालय पहुंचे। उनके पास डीजल से भरा गैलन और एक बोतल थी। आरोप है कि कार्यालय के बाहर पहुंचने के बाद परिवार ने खुद पर डीजल डाल लिया। स्थिति बिगड़ती देख वहां मौजूद एलआईयू और पुलिसकर्मी तुरंत उनकी ओर दौड़े। सुरक्षाकर्मियों ने तीनों को पकड़ लिया और किसी तरह उन्हें आग लगाने से रोक लिया। इस दौरान देवीप्रसाद के डीजल पीने की आशंका भी जताई गई। पुलिस ने तीनों को पहले सिविल लाइंस चौकी पहुंचाया। इसके बाद उन्हें जिला अस्पताल भेज दिया गया, जहां उनकी जांच कराई गई।

'दो साल से अधिकारियों के चक्कर काट रहे'

घटना के बाद संतरा देवी रोते हुए अपनी परेशानी बताती नजर आईं। उनका आरोप है कि परिवार लंबे समय से जमीन को लेकर अधिकारियों से न्याय की गुहार लगा रहा है, लेकिन कहीं से मदद नहीं मिली। फिलहाल पुलिस और प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। जमीन पर कब्जे के आरोप, परिवार की ओर से दी गई शिकायतों और अब कलेक्ट्रेट के बाहर हुई घटना को लेकर प्रशासनिक स्तर पर भी जानकारी जुटाई जा रही है।

Updated on:
19 Aug 2026 06:37 pm
Published on:
19 Aug 2026 06:37 pm