
2 ATM Cash Depositors Absconded: राजस्थान के झुंझुनूं जिले में ATM में नकदी भरने वाली CMS कंपनी से जुड़ा बड़ा कैश घोटाला सामने आने के बाद बैंकिंग क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। कंपनी के 2 कर्मचारी एटीएम में जमा किए जाने वाले कैश में कथित हेराफेरी कर फरार हो गए। प्रारंभिक जांच में 17 ATM की ऑडिट में 83 लाख रुपए से अधिक की नकदी गायब मिली। जिसके बाद ये आंकड़ा 1 करोड़ रुपए के करीब पहुंच गया। वहीं कंपनी को आशंका है कि सभी 28 एटीएम की जांच पूरी होने के बाद गबन की राशि 1 करोड़ रुपए से अधिक हो सकती है।
जानकारी के अनुसार CMS कंपनी झुंझुनूं, पिलानी और चिड़ावा क्षेत्र के विभिन्न बैंकों के एटीएम में कैश डालने का काम करती है। कंपनी के कर्मचारी सुजडौला निवासी सुमेर सिंह और संदीप सिंह पिछले करीब एक साल से ATM कैश लोडिंग का कार्य कर रहे थे। कुछ दिन पहले दोनों कर्मचारी अचानक लापता हो गए।
दोनों ही कैश वैन में ही ATM की चाबियां छोड़कर फरार हुए हैं। इसके बाद कंपनी अधिकारियों को संदेह हुआ और कर्मचारियों की तलाश शुरू की गई। लेकिन उनका कोई पता नहीं चल सका।
दोनों कर्मचारियों के गायब होने के बाद सीएमएस कंपनी ने उनके जिम्मे वाले सभी ATM की आंतरिक ऑडिट शुरू करवाई। देर रात तक पिलानी और चिड़ावा क्षेत्र की करीब 20 ATM मशीनों की जांच पूरी की गई। जिसमें 1 करोड़ रुपए से ज्यादा कैश कम मिला। कंपनी टीम ने पिलानी क्षेत्र के सभी एटीएम की जांच पूरी कर ली है, जबकि चिड़ावा क्षेत्र की मशीनों का मिलान जारी है। आज झुंझुनूं जिला मुख्यालय की तीन एटीएम मशीनों की जांच भी की जाएगी।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पिलानी क्षेत्र की एक ATM साइट पर लगी दो मशीनों से करीब 38 लाख रुपए की नकदी गायब मिली है। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि सभी एटीएम की जांच पूरी होने के बाद गबन की राशि और बढ़ सकती है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए CMS कंपनी के सीकर शाखा प्रबंधक गौरव सिंह सोलंकी ने झुंझुनूं एएसपी देवेंद्र सिंह राजावत से मुलाकात कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। इसके साथ ही पिलानी थाने में दोनों कर्मचारियों के खिलाफ लिखित शिकायत भी दी गई है। पुलिस ने कंपनी से अंतिम ऑडिट रिपोर्ट और गबन की कुल राशि उपलब्ध कराने को भी कहा है।
झुंझुनूं जिले में एटीएम कैश से जुड़ा यह पहला मामला नहीं है। साल 2016 में भी एटीएम कैश वैन से जुड़े कर्मचारी लाखों रुपए की नकदी और कैश वैन लेकर फरार हो गए थे। करीब एक दशक बाद फिर इसी तरह का मामला सामने आने से एटीएम कैश मैनेजमेंट व्यवस्था की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं।
फरार हुए दोनों कर्मचारी सुजडौला गांव के हैं। दोनों ने मशीनों में पैसा डाला नहीं, केवल अपडेट कर पैसा दिखा दिया गया। एक कर्मचारी एक साल और एक उससे थोड़े कम समय से काम कर रहे हैं। जब शनिवार शाम को दोनों कर्मचारियों ने फोन उठाना बंद कर दिया और कोई रिपोर्ट नहीं की तो मामले का पता लगा। दोनों के फोन बंद हैं। दोनों न तो घर पहुंचे और न ही किसी परिवार के सदस्य से संपर्क किया। सोमवार से हमारी टीम एटीएम मशीनों की जांच में जुट गई। इनके जिम्मे झुंझुनूं, पिलानी और चिड़ावा क्षेत्र के 26 एटीएम मशीनों में पैसा डालने का जिम्मा था। इस संबंध में पहले एएसपी झुंझुनूं और फिर चिड़ावा व पिलानी थाने में एप्लीकेशन दी है। अभी तक 1 करोड़ रुपए का गबन सामने आया है।
गौरव सिंह सोलंकी, शाखा प्रबंधक, सीएमएस कंपनी सीकर
कंपनी के शाखा प्रबंधक एप्लीकेशन लेकर आए थे। पूछताछ में उन्होंने पहले दस, फिर 12 और आधे घंटे बाद चालीस लाख की गड़बड़ी होना बताया। कुल रकम के गबन के बारे में प्रबंधक ने कहा कि वे जांच कर रहे हैं कि कितने का गबन है। प्रथम दृष्टया मामला सीकर से जुड़ा होने के कारण सीकर में दर्ज कराने की हिदायत दी गई है।
चंद्रभान, थानाधिकारी पिलानी