झुंझुनूं से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के पोषण मिशन अभियान शुरू करने के दूसरे दिन ही झुंझुनूं की पुलिस ने गिरफ्तारी मिशन शुरू कर दिया है।
झुंझुनूं. अन्तरराष्ट्रीय महिला दिवस पर झुंझुनूं से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के पोषण मिशन अभियान शुरू करने के दूसरे दिन ही झुंझुनूं की पुलिस ने गिरफ्तारी मिशन शुरू कर दिया है। पीएम मोदी की झुंझुनूं सभा में राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के संबोधन के दौरान काले झंडे लहराने वाले लोगों की पहचान कर धरपकड़ शुरू कर दी है।
शहर कोतवाली में आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने कई स्थानों पर छापे मारे। पुलिस ने गंगानगर, चूरू और सीकर से चार लोगों को हिरासत में लिया है। हालांकि अभी तक इनकी गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं हुई है।
सीएम की गाज से डरे अधिकारी
मुख्यमंत्री के भाषण के दौरान काले झंडे दिखाने के बाद गाज गिरने की आशंका से झुंझुनूं जिले के अधिकारी चिंतित है। वजह यह है कि सभा के बाद मुख्यमंत्री गुरुवार रात अलसीसर महल में ही रुकी रही। वहां पर उन्होंने बंद कमरे में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में संभागीय आयुक्त राजेश्वरसिंह, एडीजीपी व रेंज आईजी हेमंत प्रियदर्शी, एडीजीपी (आईबी) यूआर साहू तथा एसपी मनीष अग्रवाल की बैठक ली। बताया जाता है कि सीएम ने व्यवस्थाओं में खामी पर अधिकारियों के सामने नाराजगी जताई।
प्रदेशाध्यक्ष की कार्यकर्ताओं से राय शुमारी
पीएम मोदी के झुंझुनूं आगमन पर हुए कार्यक्रम को सफल बनाने पर प्रदेशाध्यक्ष अशोक परनामी ने बैठक ली। यह बैठक गुरुवार देर शाम एसएस मोदी विद्यालय प्रांगण में हुई। जिसमें प्रदेश संगठन मंत्री चंद्रशेार, राजस्थान भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना व प्रदेष मंत्री मुकेश दाधीच एवं जिलाध्यक्ष राजीव सिंह शेखावत मौजूद थे। उन्होंने सभी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं की सराहना की और आगे की रणनीति के तहत बूथवाइज लोगों से जन सम्पर्क करने को कहा। प्रदेश संगठन मंत्री चंद्रशेखर ने सभी कार्यकत्र्ताओं की राय जानी एवं आगामी चुनावों को लेकर पार्टी की आवश्यकता है। सम्मेलन में विधायक शुभकरण चौधरी, विधायक नरेन्द्र कुमार, सभापति सुदेश अहलावत, राजेश बाबल, पुरुषोत्तम खाजपुरिया, विश्वभर पूनियां, बसन्त मोरवाल, उमाशंकर महमियां, सुधा पंवार, मंजू चौहान, अरूणा सिहाग, गणेश तिवाड़ी, इन्द्रराज सैनी, नवल खण्डेलिया, मनीष अग्रवाल, कृष्णकुमार जानू, ए. रहमान, जाकिर चौहान आदि मौजूद थे।
पहले भी कई अधिकारी हो चुके हैं शिकार
मुख्यमंत्री की यात्रा के दौरान विरोध-प्रदर्शन पर पहले भी कई अधिकारी सीएम की नाराजगी झेल चुके हैं। सीकर जिले के खंडेला क्षेत्र के तपीपल्या में सीएम के दौरे के दौरान काफिले के सामने महिलाओं के आने पर पुलिस उप अधीक्षक और एसडीएम को एपीओ कर दिया गया। इसके बाद दो थानाधिकारियों का निलंबन कर दिया गया। नीमकाथाना के एएसपी को भी सरकार की जांच का सामना करना पड़ा। तत्कालीन जिला कलक्टर के तबादले को भी इसी कार्रवाई से जोड़कर देखा गया। इसके बाद सीकर में सभा के दौरान भी बेरोजगारों के बैनर लहराने पर भी पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों पर गाज गिरी।
कोतवाली पर किया विरोध
श्रीगंगानगर. एनएचएम कर्मी को काले झंडे दिखाने के मामले में पकड़कर कोतवाली लाने पर एनएचएम, नर्सिंगकर्मी और कर्मचारी नेता कोतवाली पहुंच गए और उसे रिहा करने की मांग को लेकर घेराव किया। झुंझुनूं पुलिस कोतवाली में दर्ज मामले की सूचना शुक्रवार को झुंझुनूं पुलिस ने श्रीगंगानगर भेजी थी, जिसको लेकर पुलिस ने काले झंडे दिखाने के मामले में एनआरएचएम कार्मिक पुनीत बंसल को हिरासत में ले लिया था। इसकी जानकारी मिलते ही एनआरएचएम कार्मिक, नर्सिंगकर्मी सहित अन्य कर्मचारी व कर्मचारी नेता कोतवाली पहुंच गए और वहां हंगामा करने लगे। इस पर पुलिस ने उनको समझाइश कर शांत कर दिया। पुलिस ने बताया कि पुनीत बंसल को झुंझुनूं भेजा जा रहा है।