
राजस्थान के झूंझुनू जिले के बुहाना इलाके में देर रात एक सड़क हादसे की खबर सामने आई है। बड़बर से बुहाना की तरफ जा रहा डीजल से भरा एक टैंकर अचानक संतुलन खो देने के कारण सड़क पर ही पलट गया। टैंकर के भीतर हजारों लीटर ज्वलनशील पदार्थ मौजूद था, इसलिए दुर्घटना होते ही आसपास के क्षेत्र में दहशत फैल गई। गनीमत यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम में टैंकर के पलटने के बावजूद उसमें किसी भी प्रकार की आगजनी या भीषण विस्फोट जैसी स्थिति उत्पन्न नहीं हुई, जिससे एक बहुत बड़ा और भयानक हादसा होने से टल गया। हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों की भीड़ मौके पर जमा हो गई और बड़बर-बुहाना मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया। घटना की गंभीरता को समझते हुए झूंझुनू पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी बिना कोई वक्त गंवाए तुरंत राहत और बचाव दल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास शुरू किए।
स्थानीय पुलिस के अनुसार यह दुर्घटना सोमवार और मंगलवार की मध्यरात्रि ठीक रात 12 बजे के आसपास घटित हुई। टैंकर बड़बर-बुहाना मुख्य मार्ग से गुजर रहा था कि अचानक चालक के नियंत्रण खो देने के कारण वाहन सड़क पर ही पलट गया। रात का समय होने और घना अंधेरा होने की वजह से शुरुआत में राहत कार्य शुरू करने में थोड़ी कठिनाई जरूर आई, लेकिन हाईवे पर गुजर रहे अन्य वाहन चालकों ने तुरंत इसकी सूचना नजदीकी पुलिस थाने को दी।
टैंकर के पलटते ही उसमें से डीजल के मामूली रिसाव की अफवाह के कारण आसपास के लोगों में डर का माहौल बन गया। लोग किसी भी प्रकार की संभावित आगजनी के डर से दुर्घटनास्थल से सुरक्षित दूरी पर चले गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचते ही सबसे पहले दुर्घटनाग्रस्त वाहन के आसपास सुरक्षा घेरा बनाया ताकि कोई भी आम नागरिक इसके बेहद करीब न जा सके और किसी भी तरह की अनहोनी को रोका जा सके।
जानकारी के अनुसार इस सड़क हादसे में सबसे बड़ी चिंता की बात यह थी कि पलटे हुए टैंकर के भीतर लगभग 14,000 लीटर डीजल लोड किया हुआ था। डीजल एक अत्यंत ज्वलनशील पेट्रोलियम पदार्थ है, जिसमें जरा सी भी चिंगारी लगने पर पूरा टैंकर बम की तरह फट सकता था और आसपास का काफी बड़ा इलाका इसकी चपेट में आ सकता था। इसी बड़े खतरे को भांपते हुए बुहाना प्रशासन ने बेहद सूझबूझ और तत्परता का परिचय दिया।
घटनास्थल पर फायर ब्रिगेड को भी अलर्ट मोड पर रखा गया ताकि यदि किसी तकनीकी घर्षण के कारण चिंगारी निकलती है, तो उस पर तुरंत काबू पाया जा सके। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की इस त्वरित और सतर्क कार्रवाई के कारण ही आधी रात को मरुधरा की सड़कों पर मंडरा रहा एक बहुत बड़ा खतरा बिना किसी नुकसान के पूरी तरह से टल गया।
सड़क के बीचों-बीच पलटे हुए इस भारी-भरकम डीजल टैंकर को सामान्य तरीके से हटाना नामुमकिन था। इसके लिए प्रशासन द्वारा तुरंत 3-4 बड़ी और शक्तिशाली क्रेनों को मौके पर बुलवाया गया। भारी क्रेनों की मदद से बहुत ही सावधानी के साथ टैंकर को धीरे-धीरे सीधा किया गया और सड़क के एक किनारे खड़ा किया गया ताकि मार्ग को वाहनों के आवागमन के लिए सुरक्षित बनाया जा सके।
टैंकर को हटाए जाने के बाद बड़बर-बुहाना मार्ग पर यातायात को दोबारा सुचारू और बहाल कर दिया गया है। पुलिस ने टैंकर के चालक को भी सुरक्षित बाहर निकाल लिया है, जिसे इस दुर्घटना में कोई गंभीर चोट नहीं आई है। फिलहाल बुहाना थाना पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है कि यह हादसा चालक को नींद की झपकी आने की वजह से हुआ या फिर वाहन में कोई तकनीकी खराबी जैसे कि स्टीयरिंग या ब्रेक फेल होना इसका मुख्य कारण था।