जोधपुर

लापरवाही पूर्वक बेसमेंट खुदाई करने पर तीनों भूखंड़ों की भवन निर्माण स्वीकृति निरस्त

तीनों जोन की संयुक्त एम्पावर्ड कमेटी की बैठक में निर्णय ८ भवन निर्माण अनुमति, तीन भू उपयोग परिवर्तन, 12 लीज डीड स्वीकृति और 4 अतिरिक्त भूमि के प्रकरण को निस्तारित किया
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Sep 13, 2018
Abandoned building construction approval for all three landlines on di
लापरवाही पूर्वक बेसमेंट खुदाई करने पर तीनों भूखंड़ों की भवन निर्माण स्वीकृति निरस्त

जोधपुर. नगर निगम में गुरुवार को तीनों जोन की संयुक्त एम्पावर्ड कमेटी की बैठक में गत ५ सितंबर को आखलिया क्षेत्र में बेसमेंट खुदाई के दौरान दीवार ढहने और महिला के घायल होने के मामले को गंभीरता से लेते हुए तीनों भूखंडो की भवन निर्माण की स्वीकृति निरस्त कर दी गई है। महापौर घनश्याम ओझा ने कहा कि कमेटी की बैठक में आखलिया चौराहे पर कुछ दिन पहले दीवार गिरने के हादसे के बाद भवन निर्माण अनुमति को निरस्त कर दिया गया है। तीनों भूखंड मालिकों की ओर से भवन निर्माण के दौरान सुरक्षा मापदंडों ध्यान नहीं रखा गया। इस कारण बड़ी जनहानि हो सकती थी। बार-बार निगम की ओर से नोटिस दिए जाने के बावजूद भी सुरक्षा मापदंडों को ध्यान में नहीं रखा गया और उस कारण हादसा हुआ। कमेटी में निर्णय लिया है कि भविष्य में जब भी इन भूखंड मालिको की ओर से भवन निर्माण अनुमति का आवेदन किया जाता है तो सक्षम कमेटी ही भवन निर्माण अनुमति जारी करेगी। वहीं राज्य सरकार के निर्देश पर गठित तीनों जोन के एम्पावर्ड कमेटी की संयुक्त बैठक महापौर घनश्याम ओझा की अध्यक्षता में आयोजित की गई। महापौर कक्ष में आयोजित बैठक में ८ भवन निर्माण अनुमति, ३ भू उपयोग परिवर्तन, 12 लीज डीड स्वीकृति और 4 अतिरिक्त भूमि के प्रकरण को निस्तारित किया गया।

ये था मामला
आखलिया चौराहा स्थित क्षेत्र में बेसमेंट की खुदाई के दौरान पीछे की तरफ बनी एक दीवार गत 5 सितंबर को ढह गई। इस दौरान वहां से गुजर रही एक महिला घायल हो गई। जबकि नगर निगम प्रशासन ने उस दिन सुबह ही बिना सुरक्षा मापदंड़ों को ध्यान में रखे बेसमेंट खुदाई करने पर नोटिस चस्पां किया था। उसके बावजूद भवन मालिकों ने कार्य जारी रखा, जिसके बाद हादसा हो गया। महापौर घनश्याम ओझा ने बताया कि आखलिया चौराहे के पास स्थित एक पहाड़ी को काट कर भूखण्ड संख्या बी 32, 33 और 37 पर निर्माण कार्य करवाया जा रहा था। भूखंड मालिकों के द्वारा निर्माण कार्य के दौरान आवश्यक सुरक्षा मापदंडों का पालन नहीं किया जा रहा था। इसके लिए नगर निगम ने पूर्व में भी भूखंड मालिकों को नोटिस देकर सुरक्षा मापदंडों को अपनाने के निर्देश दिए थे।

Published on:
13 Sept 2018 09:22 pm