जोधपुर

शहर में धड़ल्ले से हो रहे अवैध निर्माण, ठंडे बस्ते में सख्त नियम-कायदे- न सीज, न जुर्माना

हवा में ल_ घुमा रहा नगर निगम , हिदायत से काम चला रहे निगमकर्मी
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Aug 04, 2018
Illegal construction in the city
शहर में धड़ल्ले से हो रहे अवैध निर्माण, ठंडे बस्ते में सख्त नियम-कायदे- न सीज, न जुर्माना

लगता है नगर निगम ने शहर में हो रहे अतिक्रमण और अवैध निर्माण की तरफ से आंखें फेर ली है। पिछले माह जोरशोर से अतिक्रमण हटाने और अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करने वाला निगम का दस्ता इन दिनों सुस्त बैठा है। अवैध निर्माण स्थलों को सीज करने की जगह दिखावे के लिए छोटा-मोटा सामान जब्त किया जा रहा है। निगम कार्मिक अवैध निर्माण बंद करने की चेतावनी और अनुमति लेने की हिदायत देकर काम चला रहे हैं।

गत माह सरदारपुरा में एक तीनमंजिला भवन ढहने और चौपासनी हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में दुकानों के अवैध निर्माण के दौरान आरसीसी की छत गिरने के हादसे के बाद निगम की एम्पावर कमेटी ने कड़े निर्णय किए थे। प्लास्टिक गोदाम में आग लगने की घटना के बाद निगम प्रशासन ने जिस तरीके से तेवर दिखाए, वे अब ढीले पड़ गए हैं। अवैध निर्माण पर कई नोटिस जारी किए गए, लेकिन इनकी जद में भाजपा नेताओं के अवैध निर्माण भी आाए तो मामला राज्य सरकार तक जा पहुंचा। इसके बाद निगम आयुक्त का तबादला हो गया और निगम की कार्यप्रणाली सुस्त हो गई।
गत दस दिन के दौरान अधिकारियों के निर्देश पर अतिक्रमण दस्ता शहर, सूरसागर व सरदारपुरा जोन में 50 से अधिक स्थानों पर पहुंचा। कई जगह बिना अनुमति बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर, प्रथम व द्वितीय मंजिल से ऊपर निर्माण हो रहा था। अचरज की बात है कि किसी जगह 'सीजÓ कार्रवाई नहीं हुई। निगमकर्मी सामान जब्त कर या हिदायत देकर लौट गए। रातानाडा, घंटाघर, बासनी व चौपासनी रोड व तीसरा पुलिया क्षेत्र में भी केवल सामान जब्ती की कार्रवाई की गई।

नहीं है जवाब
जून में एम्पावर कमेटी की मीटिंग में सीज किए गए अवैध निर्माण मुक्त करने के लिए जुर्माना वसूली का नियम लागू हुआ था। 100 वर्गगज से 500 से अधिक वर्गगज तक के अवैध निर्माण पर 50 हजार से 8 लाख रुपए तक पैनल्टी वसूल की जानी थी। इस नियम की पालना क्यों नहीं हुई, इस बारे में निगम अधिकारी कुछ भी नहीं बता पा रहे हैं। अंदरखाने चर्चा है कि चुनावी वर्ष के चलते निगम शिथिलता बरत रहा है।इनका कहनाकुछ बंद नहीं हुआ है। सभी कार्य नियमानुसार होंगे। दुर्गेश बिस्सा, कार्यवाहक, आयुक्त, नगर निगम

Published on:
04 Aug 2018 01:00 am