
Jodhpur Explosive Shell : जोधपुर के करवड़ क्षेत्र के पास बिना फटा विस्फोटक गोला (अनएक्सप्लोडेड ऑर्डिनेंस-यूएक्सओ) मिलने से क्षेत्र में कुछ देर के लिए हड़कंप मच गया। पुलिस और प्रशासन से सूचना मिलते ही भारतीय सेना की बम निरोधक (बॉम्ब डिस्पोजल) टीम तत्काल मौके पर पहुंची। बम निरोधक टीम त्वरित कार्रवाई करते हुए विस्फोटक को सुरक्षित तरीके से निष्प्रभावी कर संभावित बड़े हादसे को टाल दिया। बम पूरी तरीके से डिफ्यूज नहीं होने पर सेना ने सुरक्षित रूप से उसे उड़ा दिया।
जोधपुर में सेना की विशेषज्ञ टीम ने सबसे पहले पूरे क्षेत्र को सुरक्षा घेरे में लिया और आमजन की आवाजाही पर रोक लगाई। इसके बाद निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप नियंत्रित प्रक्रिया अपनाकर विस्फोटक का सुरक्षित निस्तारण किया गया। पूरी कार्रवाई बेहद सावधानी और पेशेवर तरीके से संपन्न हुई, जिससे किसी प्रकार की जनहानि या नुकसान नहीं हुआ।
सेना और प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि कहीं भी संदिग्ध विस्फोटक सामग्री या सैन्य उपकरण दिखाई दे तो उसे छूने या हटाने का प्रयास न करें। ऐसी स्थिति में तत्काल स्थानीय प्रशासन या पुलिस को सूचना दें, ताकि विशेषज्ञ टीम सुरक्षित तरीके से उसका निस्तारण कर सके।
राजस्थान के यात्रियों के लिए हवाई सफर का एक नया विकल्प खुलने जा रहा है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) से एक जुलाई से जयपुर और जोधपुर तथा दो जुलाई से किशनगढ़ के लिए नियमित उड़ानें शुरू हो जाएगी। इसके साथ ही राजस्थान के तीन शहर देश के सबसे नए अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट नेटवर्क से जुड़ जाएंगे। नई कनेक्टिविटी से न केवल यात्रियों को दिल्ली एयरपोर्ट पर निर्भरता कम करनी पड़ेगी, बल्कि पर्यटन, व्यापार और औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है। इंडिगो एयरलाइंस की जोधपुर-नोएडा उड़ान सप्ताह में चार दिन सोमवार, बुधवार, शुक्रवार और रविवार को संचालित होगी। जिन दिनों जोधपुर के लिए उड़ान नहीं होगी, उन दिनों किशनगढ़ के लिए सेवा उपलब्ध रहेगी। जयपुर से नोएडा के लिए प्रतिदिन सुबह और शाम दो उड़ाने संचालित होंगी।
जोधपुर में नया एयरपोर्ट शुरू होने की तैयारियों के बीच यह नई उड़ान शहर के लिए एक और बड़ी सौगात मानी जा रही है। वर्तमान में जोधपुर से दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद, पुणे और अहमदाबाद के लिए सीधी उड़ानें उपलब्ध है। नोएडा जुड़ने के बाद जोधपुर की सातवीं सीधी एयर कनेक्टिविटी हो जाएगी। इससे विशेष रूप से दिल्ली-एनसीआर के पूर्वी हिस्से, ग्रेटर नोएडा, आगरा, मथुरा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश जाने वाले यात्रियों को बड़ा लाभ मिलेगा।