
जोधपुर नगर निगम। पत्रिका फाइल फोटो
जोधपुर। नगर निगम जोधपुर और जिला प्रमुख जोधपुर के पद अनारक्षित रहेंगे। यानी इन दोनों ही पदों पर किसी भी वर्ग से महिला या पुरुष की दावेदारी रह सकेगी। वहीं, जिला प्रमुख फलोदी का पद अनारक्षित (महिला) का रहेगा। जयपुर में गुरुवार को निकाली लॉटरी में दोनों पद अनारक्षित घोषित किए गए। वर्ष 2020 में राज्य सरकार ने नगर निगम जोधपुर को उत्तर व दक्षिण में बांट दिया था। यह दोनों पद अनारक्षित महिला के थे।
निगम उत्तर की महापौर कांग्रेस की कुंती देवड़ा परिहार रही थी और दक्षिण की महापौर भाजपा की वनिता सेठ रही थी। भाजपा सरकार ने दो निगम की जगह फिर से एक ही निगम कर दिया है। अब यह पद अनारक्षित रहेगा। जिला परिषद जोधपुर में निवर्तमान जिला प्रमुख का पद अनारक्षित महिला का था। हालांकि जिला प्रमुख जोधपुर के पद पर लीला मदेरणा रहीं। जो अब लॉटरी के बाद अनारक्षित हो गया है। यानी किसी वर्ग से महिला या पुरुष जिला प्रमुख बन सकेगा।
| निकाय | आरक्षण वर्ग |
|---|---|
| नगर निगम जोधपुर | अनारक्षित |
| नगर पालिका बिलाड़ा | ओबीसी |
| नगर पालिका पीपाड़ शहर | अनारक्षित (महिला) |
| नगर पालिका भोपालगढ़ | ओबीसी |
| नगर पालिका बालेसर सत्ता | ओबीसी (महिला) |
| नगर पालिका तिंवरी | एससी |
| नगर पालिका मथानिया | एससी (महिला) |
(भोपालगढ़, बालेसर सत्ता, तिंवरी व मथानिया नगर पालिका नई बनी)
| निकाय | आरक्षण वर्ग |
|---|---|
| नगर परिषद फलोदी | अनारक्षित |
| नगर पालिका बाप | एससी (महिला) |
| श्रेणी | वर्ग |
|---|---|
| जिला प्रमुख जोधपुर | अनारक्षित |
| जिला प्रमुख फलोदी | अनारक्षित (महिला) |
पंचायत पुनर्गठन के बाद इस बार गांवों में चुनावी मैदान पहले से ज्यादा बड़ा नजर आएगा। जोधपुर और फलोदी में दो जिला परिषदों तथा पंचायत समितियों की संख्या बढ़ने के साथ ही ग्रामीण क्षेत्र में जनप्रतिनिधियों के पद भी बढ़ेंगे। ऐसे में चुनाव लड़ने के इच्छुक नेताओं की संख्या बढ़ना तय माना जा रहा है। जोधपुर और फलोदी जिलों में पुनर्गठन के बाद कुल 337 नई ग्राम पंचायतें अस्तित्व में आई है। नई ग्राम पंचायतों के गठन के साथ ही सरपंचों की संख्या भी बढ़ेगी। इसके अलावा पंचायत समितियों के पुनर्गठन का असर पंचायत समिति सदस्यों और जिला परिषद सदस्यों की संख्या पर भी पड़ेगा।
अब तक ग्रामीण राजनीति में सक्रिय रहे कई नेताओं के सामने नए क्षेत्र और नए समीकरण होंगे। नई ग्राम पंचायतों के गठन से स्थानीय भी स्तर पर नेतृत्व के लिए नए चेहरे सामने आ सकते हैं। वहीं पहले से राजनीति में सक्रिय नेता भी नए क्षेत्रों में अपना प्रभाव बढ़ाने की कोशिश करेंगे। पंचायत समितियों की संख्या बढ़ने से प्रधान पदों की संख्या भी बढ़ेगी। इसी तरह दोनों जिलों में जिला परिषदों के गठन से जिला परिषद सदस्यों के पदों में भी बदलाव होगा। ऐसे में आगामी पंचायत चुनावों में टिकट की दावेदारी से लेकर स्थानीय स्तर पर राजनीतिक समीकरण तक बदलने की संभावना है।
-2 जिला परिषद
-9 नई पंचायत समितियां
-337 नई ग्राम पंचायतें
-बढ़ेंगे सरपंच और पंचायत समिति सदस्य
-जिला परिषद सदस्यों की संख्या में भी बदलाव
निकाय चुनाव के लिए नगर निगम जोधपुर में 100 वार्ड रहेंगे। राज्य के स्वायत्त शासन विभाग ने वार्डों का वर्गीकरण की घोषणा की है। इसके तहत निगम जोधपुर में 35 प्रतिशत वार्ड आरक्षित रहेंगे। शेष 65 वार्ड अनारक्षित वर्ग के लिए रखे गए है। वहीं, आधी आबादी यानि महिलाओं के लिए 34 प्रतिशत वार्ड रिजर्व रखने की घोषणा की गई है।
पांच साल पहले थे 160 वार्डः वर्ष में 2020 सम्पन्न नगर निगम के चुनाव में निगम को उत्तर व दक्षिण में बांटा गया था। प्रत्येक वार्ड में 80-80 यानि कुल 160 वार्ड रखे गए थे। सत्ता बदलने के बाद गत वर्ष भाजपा सरकार ने फिर से निगम का एकीकरण कर दिया था और वार्डों की संख्या भी 100 कर दी थी।
| निकाय | कुल वार्ड | SC | SC महिला | ST/SC-ST | ST/SC-ST महिला | OBC | OBC महिला | अनारक्षित | अनारक्षित महिला |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| नगर निगम जोधपुर | 100 | 9 | 4 | 1 | 1 | 13 | 7 | 43 | 22 |
| नगर पालिका बिलाड़ा | 40 | 5 | 2 | 0 | 0 | 5 | 3 | 17 | 8 |
| नगर पालिका पीपाड़ शहर | 35 | 3 | 2 | 0 | 0 | 5 | 2 | 17 | 8 |
| नगर पालिका भोपालगढ़ | 25 | 3 | 1 | 1 | 0 | 3 | 2 | 15 | 8 |
| नगर पालिका बालेसर सत्ता | 25 | 2 | 1 | 0 | 0 | 3 | 2 | 10 | 5 |
| नगर पालिका तिंवरी | 25 | 3 | 2 | 1 | 0 | 3 | 2 | 10 | 4 |
| नगर पालिका मथानिया | 25 | 4 | 2 | 0 | 0 | 3 | 2 | 10 | 4 |
| नगर परिषद फलोदी | 40 | 3 | 2 | 9 | 0 | 0 | 5 | 18 | 3 |
| नगर पालिका बाप | 20 | 3 | 1 | 0 | 0 | 3 | 1 | 8 | 4 |
Updated on:
14 Aug 2026, 9:31 AM IST
Published on:
14 Aug 2026, 9:31 AM IST
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