
फलोदी। जिले के लोहावट क्षेत्र में भंवरी देवी विश्नोई हत्याकांड का 16 दिन बाद भी खुलासा नहीं होने से बढ़ते जनआक्रोश के बीच पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा ने बड़ा कदम उठाया है। डीजीपी ने मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया है। टीम जोधपुर रेंज आईजी के निर्देशन में काम करेगी और उसे तीन दिन के भीतर अपनी पहली रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। हत्याकांड को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस नेता सचिन पायलट समेत कई नेताओं की ओर से भी आरोपियों की गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की जा चुकी है।
डीजीपी के आदेश के मुताबिक एसआईटी की कमान डीआईजी देवेंद्र विश्नोई को सौंपी गई है। विशेष जांच दल में फलोदी पुलिस अधीक्षक आईपीएस सतनाम सिंह, आईपीएस सुमित मेहरडा, एएसपी कैलाश बिश्नोई, एएसपी सुभाष खोजा और डीवाईएसपी भवानी सिंह को शामिल किया गया है। टीम को मामले की जांच तेजी से आगे बढ़ाने और तीन दिन में पहली रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। एसआईटी के गठन को पुलिस जांच में तेजी लाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
भंवरी देवी हत्याकांड का खुलासा नहीं होने के विरोध में लोहावट थाने के बाहर 6 अगस्त से बेमियादी धरना और भूख हड़ताल चल रही है। पूर्व विधायक किसनाराम विश्नोई के नेतृत्व में शुरू हुए आंदोलन में लगातार लोगों की संख्या बढ़ रही है। बुधवार को तेज बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में लोग धरनास्थल पर डटे रहे। पूर्व विधायक ने स्पष्ट किया कि आरोपियों की गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को न्याय मिलने तक आंदोलन जारी रहेगा।
धरने पर बैठे लोगों की समझाइश के लिए जोधपुर और फलोदी के कलेक्टर समेत कई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच चुके हैं, लेकिन अब तक आंदोलन खत्म नहीं हो सका है। पूर्व विधायक किसनाराम विश्नोई का आरोप है कि मामले की जांच लोहावट पुलिस कर रही है और थानाधिकारी व वृताधिकारी के स्तर पर जांच प्रभावित होने की आशंका है। उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है।
भंवरी देवी की 27 जुलाई की रात जंभेश्वरनगर गांव में घर के बाहर खेत पर सोते समय धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई थी। हमलावरों ने उनकी दो बेटियों पर भी जानलेवा हमला किया था। दोनों बेटियां हमले में बच गईं, जबकि बड़ी बेटी रामज्योति गंभीर घायल हुई थी। घटना के बाद पुलिस ने पांच दिन में मामले का खुलासा करने का आश्वासन दिया था। समय सीमा बीतने के बाद भी गिरफ्तारी नहीं होने पर लोगों ने दोबारा आंदोलन शुरू कर दिया।
हत्याकांड को लेकर क्षेत्र में विरोध लगातार बढ़ रहा है। बुधवार को भींयासर कस्बे में भंवरी देवी के परिवार को न्याय दिलाने की मांग को लेकर पूर्ण बाजार बंद रहा। व्यापारियों और ग्रामीणों ने स्वेच्छा से प्रतिष्ठान बंद रखकर आंदोलन का समर्थन किया। लोगों ने निष्पक्ष जांच, आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की। बाजार बंद के दौरान कस्बे की सभी प्रमुख दुकानें बंद रहीं।