जोधपुर

जारी है रोडवेज की हड़ताल, एक ही दिन में लगी 15 लाख की चपत

कर्मचारियों ने सरकार की वादाखिलाफी के खिलाफ किया प्रदर्शन  
2 min read
strike in jodhpur
jodhpur news, jodhpur news in hindi, rajasthan roadways, Roadways Bus Stand, roadways strike, strike in jodhpur

फोटो व वीडियो : एस के मुन्ना/जोधपुर. राजस्थान रोडवेज की हड़ताल दूसरे दिन मंगलवार को जारी रही। रोडवेज के श्रमिक संगठनों के संयुक्त मोर्चा के तत्वावधान में हड़ताल की जा रही है। राजस्थान स्टेट रोडवेज एंप्लाइज यूनियन एटक के प्रदेश सचिव लक्ष्मण सिंह राजपुरोहित ने बताया कि सातवें वेतनमान व अन्य मांगों को लेकर गत 27 जुलाई को समझौता वार्ता हुई । लिखित समझौतों को निर्धारित समय अवधि में लागू नहीं करने के कारण हड़ताल की जा रही है कर्मचारी वेतनमान पदोन्नति नई बसों की खरीद हर रोडवेज में विभिन्न पदों पर नई भर्ती को लेकर हड़ताल कर रहे हैं। राइकाबाग स्थित रोडवेज के केंद्रीय बस स्टेण्ड पर रोडवेज कर्मचारियों ने प्रदर्शन करते हुए सरकार के खिलाफ वादा खिलाफ ी के नारे लगाए। प्रदर्शन में सैंकड़ों कर्मचारी शामिल हुए। गत जुलाई माह में रोडवेजकर्मियों ने 3 दिन की हड़ताल की थी। इस पर सरकार ने यातायात मंत्री युनूस खान की अध्यक्षता में मोर्चा के पदाधिकारियों से समझौता करने के लिए समिति गठित की थी, जो बेनतीजा रही।

इसलिए हुई हड़ताल


राजस्थान स्टेट रोडवेज एम्प्लॉयज यूनियन एटक के प्रदेश सचिव लक्ष्मणसिंह राजपुरोहित ने बताया कि यातायात मंत्री युनूस खान के साथ मोर्चे के पदाधिकारियों की वेतनमान व अन्य मांगों को लेकर गत 27 जुलाई को समझौता वार्ता हुई। वार्ता के दौरान लिखित समझौतों को निर्धारित समयावधि में लागू नहीं करने के कारण हड़ताल की जा रही है। यूनियन के बुधाराम डूडी ने बताया कि रोडवेज कर्मचारी लंबे समय से राज्य सरकार से सातवां वेतन आयोग लागू करने, पदोन्नति करने, नई बसों की खरीद करने, रोडवेज में विभिन्न पदों पर नई भर्ती करने सहित अन्य मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे है।

सोमवार को लगी 15 लाख की चपत

रोडवेज में हड़ताल रहने के कारण दूरदराज से आए लोगों को हड़ताल का पता नहीं था। इस वजह से यात्रियों व रेलवे की परीक्षा देने आए परीक्षार्थियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। विशेषकर महिलाओं व बच्चों को बहुत परेशानी हुई। हड़ताल से जोधपुर डिपो में एक दिन में करीब 15 लाख रुपए राजस्व घाटा हुआ और 15 हजार यात्रीभार रोडवेज का इंतजार करता रहा। इसके अलावा, ऑनलाइन टिकट बुक कराने वाले यात्री भी यात्रा से अटक गए। जोधपुर डिपो डिपो में तकरीबन 111 बसें और जोधपुर संभाग में 600 से ज्यादा रोडवेज बसों के पहिए थमे रहे।

मेले से आने वाली बसों को अनुमति, वापस नहीं जाने दिया


रामदेवरा मेले के लिए चल रह बसों को रामदेवरा से जोधपुर आने की अनुमति दी गई थी। लेकिन उनको वापस नहीं जाने दिया। इन्ही बसों में से एक बस हाईकोर्ट रोड पर खराब होकर रूक गई, जिसे यात्रियों ने धक्का देकर डिपो तक पहुंचाया।

Published on:
18 Sept 2018 12:46 pm