
Navodaya Vidyalaya students on hunger strike: कन्नौज स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय के छात्र हॉस्टल के कमरे में खुद को बंद करके अव्यवस्थाओं के खिलाफ बयान दे रहे हैं। उनका कहना है कि प्रिंसिपल उनकी समस्याओं के प्रति उदासीन है। कोई कार्रवाई नहीं करते हैं। शिकायत करने पर उनके अभिभावकों को बुलाकर जवाब तलब किया जाता है। मेस में खाने की व्यवस्था अच्छी नहीं है। छात्रों का एक वीडियो 'एक्स' पर वायरल हो रहा है जिसमें उन्होंने बताया है कि उनके यहां करीब 550 छात्र पढ़ते हैं। राजस्थान पत्रिका वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। विद्यालय प्रिंसिपल इन सभी आरोपों से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि छात्र मामले तूल दे रहे हैं। डीएम ने बच्चों से बातचीत के लिए प्रशासनिक टीम भेजने की जानकारी दी है।
उत्तर प्रदेश के कन्नौज के अनौगी स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय के 10, 11 और 12 के करीब एक सैकड़ा छात्र आज सुबह से अपने आप को हॉस्टल में बंद कर भूख हड़ताल पर चले गए हैं। कमरे के अंदर रहकर प्रदर्शन कर रहे हैं। जिनका एक वीडियो 'एक्स' पर वायरल हो रहा है। जिसमें छात्र ने बताया कि शिकायत करने पर प्रिंसिपल उनके अभिभावकों को बुला लेते हैं। समस्या के समाधान के प्रति गंभीर नहीं हैं।
छात्रों का कहना है कि प्रधानाचार्य मंच से उनके लिए 'नाली का कीड़ा' जैसे शब्दों का प्रयोग करते हैं। उन्होंने बताया कि मेस के मुख्य रसोइया और विद्यालय कर्मचारी अव्यवस्थाओं का विरोध करने पर टीसी देने की धमकी देते हैं। विद्यालय परिसर में हैंडपंप है जिसमें भी दूषित और पीला पानी आ रहा है। विद्यालय का वाटर फिल्टर भी काम नहीं कर रहा है। छात्रों ने प्रिंसिपल पर और भी कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उनकी मांग है कि जिलाधिकारी आकर उनकी समस्याओं को सुने और उनका समाधान करें।
इस संबंध में बातचीत करने पर प्रधानाचार्य ने बताया कि सीनियर छात्र छोटी बातों को बेवजह तूल दे रहे हैं। बीते बुधवार की शाम को एक बच्चे के खाने में बरसाती कीड़ा निकल गया था। जिसे तत्काल दूसरा भोजन लेने के लिए कहा गया। अब इसी बात को बढ़ा चढ़ा कर बताया जा रहा है
जिलाधिकारी आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने बताया कि नवोदय विद्यालय का मामला उनके सामने आया है। उन्होंने बच्चों को आश्वासन दिया है कि प्रशासनिक टीम भेज कर मामले की जांच कराया कराई जाएगी और बच्चों से सीधी बातचीत होगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में गुरुसहायगंज थाना पुलिस से बातचीत हुई। उन्होंने कहा कि बच्चों का मामला है। विद्यालय प्रशासन निर्णय लेगा।