Akhilesh Yadav Statement : अखिलेश यादव ने योगी आदित्यनाथ के जापान दौरे पर तंज कसा है। अखिलेश यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री कहीं जापान का नाम बदल न दें।
कानपुर : यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस समय जापान दौरे पर हैं। वह यूपी में रोजगार संभावनाओं को बढ़ाने के लिए MOU कर रहे हैं। विदेशी कंपनियों को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं। इस दौरान सीएम ने विभिन्न जापानी कंपनियों के साथ लगभग 11 हजार करोड़ रुपये के समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए।
कानपुर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि, 'मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जापान गए हैं और MoU(समझौता ज्ञापन) कर रहे हैं। कहीं जापान का नाम हमारे मुख्यमंत्री बदलकर आदित्यपुर या आदित्यपुरम न कर आएं।' अखिलेश यादव ने कहा भाजपा पर यकीन करोगे तो आप बर्बाद हो जाओगे। जनता ने भरोसा किया कि नोटबंदी के बाद भ्रष्टाचार खत्म हो जाएगा। लेकिन, क्या हुआ...? अब तो कहानी यह है कि हथेली गरम पुलिस नरम। यह सरकार तो अपने लोगों से ही भ्रष्टाचार करवा रही है।
अखिलेश यादव ने अपने पोस्ट में क्योटो और काशी की तुलना को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अब कार्यकाल के अंतिम वर्ष में इस तरह के अध्ययन से क्या नई योजना बन पाएगी। बोले, वैसे अब चला-चली की बेला में अपने अंतिम वर्ष में कौन सा तो ये जापान का अध्ययन कर लेंगे और क्या ही योजना बना पाएंगे। उन्होंने यात्रा को ‘मनसुख-पर्यटन’ बताते हुए कहा कि यदि मुख्यमंत्री इसे स्वीकार कर लें तो कम-से-कम एक सच बोलने के लिए याद रखे जाएंगे। इसके साथ ही ‘वनस्पति के विशेष अध्ययन’ को लेकर भी व्यंग्य किया और पूछा कि क्या इसका लाभ सिर्फ व्यक्तिगत रहेगा या करीबी लोगों के साथ भी साझा होगा।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव कानपुर में एक निजी कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने सरकार पर जमकर राजनीतिक हमला बोला। सुरक्षा से कानून व्यवस्था तक पर जमकर सवाल उठाए। अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार का AI विजन खोखला है। इसका कोई विजन ही नहीं है और न हीं आधार।
इसके अलावा उन्होंने शंकराचार्य के अपमान का भी मुद्दा उठाया और शंकराचार्य जी का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए और उनके साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव या अन्याय स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार शंकराचार्य के साथ भेदभाव कर रही है।
जापान में आयोजित बैठक और निवेश कार्यक्रम के दौरान कृषि उपकरण, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी, पर्यावरण समाधान, हॉस्पिटैलिटी और रियल एस्टेट जैसे कई क्षेत्रों में निवेश को लेकर समझौते हुए। इन समझौतों में जापान की प्रसिद्ध कंपनी Kubota Corporation समेत मिंडा कॉरपोरेशन, जापान एविएशन इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री, नागासे एंड कंपनी लिमिटेड और सीको एडवांस जैसी कंपनियां शामिल हैं। सरकार का मानना है कि इन निवेश प्रस्तावों से प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियां तेज होंगी और यूपी निवेश के लिए एक प्रमुख राज्य के रुप में उभरेगा।