झालावाड़ जिले में स्कूल की छत गिरने से हुए हादसे के बाद जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग अलर्ट हैं।
झालावाड़ जिले में स्कूल की छत गिरने से हुए हादसे के बाद अब जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग व अन्य विभागों के अधिकारी जिले के स्कूल भवनों की स्थिति को लेकर अलर्ट हैं। जिले के स्कूल भवनों की जांच-पड़ताल की जा रही है। शनिवार को जिला कलक्टर नीलाभ सक्सेना ने करसाई, राजौर, अतैवा एवं कैलादेवी क्षेत्र के विभिन्न राजकीय स्कूलों का निरीक्षण कर विद्यालय परिसरों की स्थिति देखी।
निरीक्षण के दौरान कलक्टर ने मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी गोपाललाल मीणा सहित समस्त शिक्षा अधिकारियों को जिले के समस्त विद्यालय परिसरों की छतों की साफ-सफई तत्काल प्रभाव से कराने के निर्देश दिए। साथ ही जहां भी स्कूल भवन की स्थिति जर्जर है, वहां भवनों को खाली कराकर वैकल्पिक व्यवस्था कर बच्चों की पढ़ाई निरंतर जारी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जर्जर भवनों की मरमत के लिए प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र सक्षम स्तर को आवश्यक स्वीकृति के लिए भेजा जाए।
कलक्टर ने जिले के समस्त आंगनबाड़ी केन्द्रों के संबंध में भी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए है। इसके साथ उन्होंने समस्त उपखण्ड अधिकारियों, विकास अधिकारियों, तहसीलदारों, सीडीईओ, सीबीईओ, महिला एवं बाल विकास विभाग के उपनिदेशक को बारिश के दौरान अपने-अपने क्षेत्र में नियमित निरीक्षण कर एवं सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।
सपोटरा की ग्राम पंचायत इनायती के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में जर्जर कमरे की छत शुक्रवार रात ढह गई। सूचना मिलने पर सुबह पुलिस प्रशासन व अधिकारी मौके पर पहुंचे और जानकारी ली। प्रधानाचार्य संतराम मीणा ने बताया कि विद्यालय भवन वर्षों पुराना है। इसमें कमरों की छत व दीवारें जर्जर हो रही है। जिससे हादसे की आशंका बनी हुई थी।