कटनी

मुख्यमंत्री जिला स्वास्थ्य शिविर में नया जीवन पाने की उम्मीद से पहुंचे मरीज, देखें वीडियो

मुख्यमंत्री जिला स्वास्थ्य शिविर का आयोजन
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Feb 12, 2018
Organizing Chief Minister's Health Camp
Organizing Chief Minister's Health Camp

कटनी. राज्य बीमारी सहायता निधि एवं राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम योजना अंतर्गत मुख्यमंत्री जिला स्वास्थ्य शिविर का आयोजन रविवार को जिला अस्पताल में किया गया। कार्यक्रम अंतर्गत 0 से 18 वर्ष तक एपीएल तथा बीपीएल परिवारों एवं राज्य बीमारी सहायता निधि के अंतर्गत गरीब परिवारों में पीडि़तों का परीक्षण किया जाकर गंभीर बीमारियों का इलाज नि:शुल्क कराए जाने के लिए प्रकरण तैयार किए गए। शिविर का शुभारंभ महापौर शशांक श्रीवास्तव व विधायक संदीप जायसवाल के मुख्य आतिथ्य में किया गया। सीएमएचओ डॉ. अशोक अवधिया ने बताया कि शिविर में जिले भर के सभी ब्लॉकों से मरीज पहुंचे। शिविर में जबलपुर सहित जिला अस्पताल के विशेषज्ञों द्वारा मरीजों की जांच की गई एवं उन्हें गहन उपचार के लिए चिन्हित किया गया। शिविर के दौरान 634 प्रकरण बनाए गए। जिनका राज्य बीमारी सहायता निधि से प्रकरण स्वीकृति के लिए तैयार किए गए हैं। प्रकरण स्वीकृत होते ही इन मरीजों का अलग-अलग चिकित्सालय में उपचार कराया जाएगा। इस मौके पर महापौर ने कहा कि इस तरह के आयोजन से जरूरतमंदों का बेहतर उपचार हो सकेगा। विधायक ने कहा कि निश्चित ही यह शिविर जिले के लिए बहुत ही कारगर सिद्ध होगा। इसमें गरीब परिवार के पीडि़तों केा नया जीवन मिल सकेगा।

ये अस्पताल हुए शामिल
शिविर में जबलपुर हॉस्पिटल, मेट्रो हॉस्पिटल, सिटी हॉस्पिटल, सेल्बी हॉस्पिटल, आशीष हॉस्पिटल, स्वास्तिक हॉस्पिटल, आदित्य हॉस्पिटल, जामदार हॉस्पिटल, दुबे सर्जिकल जबलपुर सहित भोपाल की लाहोनी, बिसानिया, दुबे लेक सिटी, भोपाल भोपाल टेस्ट ट्यूब बेबी सेंटर के चिकित्सक पहुंचे और मरीजों को परामर्श प्रदान किया।

इस तरह चला शिविर
शिविर में पहुंचे मरीजों का सबसे पहले पंजीयन कराया गया। पंजीयन के लिए ब्लॉकवार काउंटर बनाए गए थे। पंजीकृत मरीजों को नर्सिंग स्टाफ द्वारा ब्लड ग्रुपख् वजन, शुगर, बीपी, इको, ईसीजी, पल्स सहित अन्य जांच की गई। टेस्ट रिपोर्ट के बाद विशेषज्ञों द्वारा मरीजों व उनके परिजनों को परामर्श दिया गया। उन्हे बताया गया कि किस तरह से उपचार कराकर इन्हें ठीक किया जाएगा।

सिलकोसिस संभावितों की हुई जांच
शिविर में सिलिकोसिस बीमारी से पीडि़त मरीजों की जांच की गई। इस दौरान 37 मरीज की जांच हुई। हालांकि परीक्षण के दौरान इनमें बीमारी के संक्रमण नहीं मिले।

सीबी नेट मशीन का शुभारंभ
जिला अस्पताल में शिविर के दौरान मुख्य अतिथियों द्वारा सीबी नेट मशीन का शुभारंभ किया गया। टीबी रोग के जांच के लिए मशीन लगाई गई है। उल्लेखनीय है कि अभी तक मरीज बाहर से इसकी जांच कराते थे जिसका प्रति मरीज २५०० लगता था। अब जिला अस्पताल में मरीजों को इसकी नि:शुल्क सुविधा मिल सकेगी।

इन रोगों की हुई जांच
मध्यप्रदेश राज्य बीमारी सहायता निधि के अंतर्गत चिन्हित बीमारी कैंसर सर्जरी, कीमोथैरेपी, रेडियोथैरेपी, हृदय शल्य क्रिया, गुर्दे का ऑपरेशन, घुटना बदलना, कूल्हा बदलना, वक्त रोग, शल्यक्रिया, रीढ़ की हड्डी का ऑपरेशन, आंख के पर्दे में खराबी, दिमाग में ट्यूमर, न्यूरो सर्जरी, जन्मजात विकृति की सर्जरी, जले होने के बाद की सर्जरी, बर्न एंड पोस्ट बंद कंट्रक्शन क्रॉनिक रीनल डिसेसस, बांझपन की जांच की गई। इसी तरह राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत चिन्हित बीमारियों में ० से 18 वर्ष तक के बच्चों के लिए रीढ़ की हड्डी में गठान, जन्मजात कटे होंठ एवं फटे तालुका, टेढ़े-मेढ़े पांव, कूल्हे की हड्डी की तकलीफ, जन्मजात मोतियाबिंद, जन्मजात बहरापन, जन्मजात हृदय रोग, आंखों के पर्दे की खराबी, खून की कमी, गले में गठान, कान का बहना, दातों में समस्या आदि से पीडि़त बच्चों की जांच की गई एवं गहन उपचार के लिए केस तैयार किए गए।

इनकी रही उपस्थिति

शिविर में सीएमएचओ डॉ. अशोक अवधिया, सीएस डॉ. एसके शर्मा, जबलपुर से कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. आशीष गुप्ता, आरएमओ डॉ. यशवंत वर्मा, डॉ. केपी श्रीवास्तव, डॉ. एसके निगम, डॉ वाईएस ठाकुर, डॉ. सुनीता वर्मा, डॉ. आरती सोंधिया, डॉ. नरेंद्र झामनानी, डॉ. आशीष पांडे, अनीता उसरेठे, डीपीएम घनश्याम मिश्रा, सतीश जैन, विजय सोनी, नितिन तपा, प्रशांत पटेरिया, डॉ. अनिल झामनानी, सचिन वर्मा, राहुल झारिया, अंकित, प्रियांशु, राजा सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के बीएमओ, आयुष चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ सहित सभी अधिकारी-कर्मचारियों की उपस्थिति रही।।

Updated on:
12 Feb 2018 11:40 am
Published on:
12 Feb 2018 11:23 am