
कटनी. नमस्ते मम्मी-पापा मैं ये घर छोड़कर जा रहां हूं, मैं इसलिए यह घर छोड़कर जा रहा हूं की मैं अपनी जिंदगी खुलकर जीना चाहता हूं, और हां मुझे ढूढऩे की कोशिश मत करना, यहां तक कि पुलिस को भी न बताना। वरना मैं मर जाऊंगा और यह सब मेरी बहन आरुषी को मत बताना। धन्यवाद, आपका आज्ञाकारी पुत्र नाम-मोहित पटेल (बदल हुआ नाम)। यह लिखकर दो किशोर माधवनगर थाना क्षेत्र से भाग निकले। घर पर जब काफी देर तक बच्चों का पता नहीं चला तो परिजनों से तलाश शुरू की। आस-पड़ोस में देखा, दोस्तों के घर जाकर देखा, लेकिन कहीं पर पता नहीं चला। बता दें कि मुकेश पटेल (12) (बदला हुआ नाम) व शक्ति कुमार (12) (बदला हुआ नाम) भाग निकले। कई घंटे की मशक्कत के बाद किशोर मिले। हालांकि बच्चों और परिजन दोनों ने नहीं बताया कि आखिरकार यह स्थिति क्यों बनी। परिजन किशोरों को ढूढ़ते हुए मुख्य रेलवे स्टेशन पहुंचे। यहां जीआरपी को सूचना दी। जीआरपी तत्काल सक्रिय हुई और रेलवे स्टेशन में बताए हुलिया अनुसार परिजनों से तलाश शुरू की। स्टेशन में जाकर देखा तो दोनों किशोर वहां पर थे। जीआरपी ने अपने सुपुर्द लिया और फिर समझाइश देने के बाद परिजनों के हवाल किया।
इधर एएसआइ ने बच्चे को किया सुरक्षित
मुकेश चौधरी (बदला हुआ नाम) निवासी पटरा का जो अपने नाना के यहां माधवनगर थाना क्षेत्र में रहता है। बुधवार की सुबह 8 बजे से घर से गायब हो गया था। बच्चा मिशन चौक में घूम रहा था। सहायक उप निरीक्षक शाशिभूषण दुबे, प्रधान आरक्षक ओम प्रकाश मिश्रा ने उसे रोककर पूछताछ की। परिजनों को बुलाकर उनके सुपुर्द किया।
इनका कहना है
परिजन बच्चों को ढूढ़ंते हुए स्टेशन पहुंची। जीआरपी को सूचना दी। सूचना पर टीम को सक्रिय किया गया। सर्चिंग के दौरान बच्चे प्लेटफॉर्म में मिले। बच्चों से पूछताछ की गई और फिर समझाइश देकर परिजनों के सुपुर्द किया गया।
डीपी चड़ार, टीआइ जीआरपी।