Road Accident: कोरबा जिले में सड़क हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। पिछले तीन महीनों में ही 110 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि सैकड़ों लोग घायल हुए हैं।
Road Accident: कोरबा जिले में सड़क दुर्घटनाएं थम नहीं रही हैं। राष्ट्रीय और राजकीय राजमार्गों पर होने वाले हादसों में राहगीर मारे जा रहे हैं। घायलों की संख्या में भी कमी नहीं आ रही है। हाल के दिनों में कई बड़ी दुर्घटनाएं हुई हैं। इसमें यात्रियों की जानें गई हैं। परिवार की खुशियां हादसों ने छीन ली है।
यह स्थिति तब है, जब कोरबा जिला मुख्यालय में हर माह सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक हो रही है। इसमें सडक़ दुर्घटनाओं के कारण और इसके निदान पर मंथन होती है, लेकिन इसका परिणाम सकारात्मक नहीं है। इसके पीछे बड़ा कारण दुर्घटना की रोकथाम के लिए बैठक में लिए गए निर्णय का धरातल पर अमल नहीं होना है। पिछले माह 10 मार्च को जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई थी।
बैठक में यातायात पुलिस, परिवहन विभाग, लोक निर्माण विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारी सहित अन्य विभागों के अफसर शािमल हुए थे। इसमें दुर्घटनाजन्य स्थलों पर सड़कों की मरम्मत करने के अलावा आसपास स्थित पेड़ों की कटाई और घटनास्थल पर संकेतक लगाने के साथ-साथ रात में रोशनी व्यवस्था करना प्रमुख था। इसके लिए प्रशासन ने सभी विभागीय अधिकारियों को जिम्मेदारी दी थी।
मार्च से अप्रैल हो गया लेकिन अभी तक समिति की बैठक में लिए गए निर्णय पर अमल नहीं हुआ। इस बीच सड़क दुर्घटना में मरने वाले लोगों की संख्या बढ़ती चली गई। पिछले बार 10 मार्च को जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई थी। इसमें विभागों की ओर से एक आंकड़ा रखा गया था। इसमें बताया गया था कि जनवरी से फरवरी तक कोरबा जिले में अलग-अलग स्थान पर 157 घटनाएं हुई हैं। इसमें 75 यात्री मारे गए हैं। 119 यात्री घायल हुए हैं। मार्च तक सड़क दुर्घटना और इसमें मारे गए यात्रियों की संख्या बढ़कर 110 हो गई।
मासिक आंकड़ों पर गौर करें तो जनवरी 2026 में 86 दुर्घटनाओं में 41 यात्री मारे गए थे। जबकि 64 यात्री घायल हुए। पिछले साल जनवरी 2025 में 72 दुर्घटनाओं में 33 लोग मारे गए थे। 71 राहगीर घायल हुए थे। फरवरी 2026 में 70 दुर्घटनाओं में 34 यात्री मारे गए हैं। 52 घायल हुए हैं। फरवरी 2025 में 74 दुर्घटनाओं में 41 लोग मारे गए। 53 घायल हुए थे। मार्च 2026 में 85 दुर्घटनाओं में 35 यात्री मारे गए। 90 घायल हुए, जबकि मार्च 2025 में 71 दुर्घटनाओं में 29 यात्री मारे गए थे और 61 घायल हुए थे।