
Kota Cyber Fraud: ऑनलाइन गेम के नाम पर लाखों रुपए ठगने वाले अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का कोटा पुलिस ने पर्दाफाश किया है। फरियादी बन्नालाल से करीब 25 लाख रुपए की ठगी के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विशेष टीम का गठन किया था। तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों के बाद टीम ने गिरोह के चार जनों को गिरफ्तार कर लिया। यह गिरोह वर्चुअल मोबाइल नंबर और फर्जी अकाउंट के जरिए गेम खिलाकर प्रतिदिन लाखों का अवैध कारोबार करता था।
एसपी तेजस्वनी गौतम ने बताया कि फरियादी बन्नालाल को एक अनजान व्यक्ति मिला जिसने उसे ऑनलाइन गेम में पैसे जीतने का लालच दिया। उसने गेम खेलने का तरीका बताया और दूसरे मोबाइल नंबरों पर संपर्क करने को कहा।
शुरुआत में पीड़ित को छोटी रकम जिताकर भरोसा दिलाया गया। इसके बाद बड़े दांव लगाने के लिए उकसाया गया। धीरे-धीरे लगातार हार का बहाना बनाकर पीड़ित से कई बार रुपए ट्रांसफर करवाए गए। रकम निकालने के नाम पर और पैसे लगाने के लिए दबाव बनाया गया। इस तरह कुल 25 लाख से अधिक की ठगी कर ली गई।
दादाबाड़ी सीआइ मांगेलाल यादव ने बताया कि पुलिस ने तकनीकी अनुसंधान शुरू किया तो पता चला कि आरोपियों ने बार-बार नंबर बदले और वर्चुअल वाट्सऐप नंबर का उपयोग किया, जिससे उन्हें ट्रेस करना चुनौतीपूर्ण था। विस्तृत तकनीकी डेटा और लोकेशन एनालिसिस के आधार पर पुलिस टीम ने गिरोह के सदस्यों को भीलवाड़ा से डिटेन कर गिरफ्तार किया।
पुलिस ने खुशाल शर्मा, सुधांशु पाठक, दानिश मनिहार व रतन को गिरफ्तार किया है। सीआइ ने बताया कि गिरोह लंबे समय से ऑनलाइन गेम के नाम पर लोगों को फंसाकर करोड़ों की ठगी कर रहा था। आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनके बैंक खातों, लेनदेन और अन्य साथियों की जानकारी भी खंगाली जा रही है।