कोटा

राजस्थान: सरपंच ने 100-100 रुपए में बांटे पट्टे… VDO ने एसीबी से की शिकायत, पंचायती राज ने भी माना गलत

ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग ने जांच में तत्कालीन सरपंच को उत्तरदायी माना।
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Aug 13, 2025
kundanpur sarpanch news
Photo- Patrika Network

Kota News: कोटा जिले की कुंदनपुर ग्राम पंचायत में चरागाह भूमि पर एक ही परिवार के तीन सदस्यों समेत चार लोगों को अनियमितता बरतते हुए 100-100 रुपए में पट्टे जारी करने के मामले में एसीबी कोटा टीम ने रिपोर्ट अग्रिम कार्रवाई के लिए बुधवार को मुख्यालय भेज दी। इस मामले में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग ने जांच में तत्कालीन सरपंच मीना कंवर को उत्तरदायी माना था। मीना कंवर पूर्व मंत्री व सांगोद के पूर्व विधायक भरतसिंह की पत्नी हैं। पंचायती राज विभाग ने एसीबी में मुकदमा दर्ज करवाने के निर्देश दिए थे।

एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार ने बताया कि बीडीओ की ओर से दी गई शिकायत को बुधवार को जयपुर मुख्यालय भेज दिया है। उधर ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के निर्देश पर चरागाह भूमि पर पट्टे देने के मामले में हुई जांच में कई अनियमितताएं सामने आई हैं।

रिपोर्ट के अनुसार ईश्वर सिंह ग्राम किशनपुरा को पट्टा देने में जो खामियां मिली हैं, उसमें आवेदन पत्र पर आवेदनकर्ता के हस्ताक्षर तक नहीं थे। ग्राम पंचायत की ओर से उक्त आवेदक से 10 वर्षों से निवास/कब्जा होने सम्बन्धी कोई भी साक्ष्य पत्रावली में संलग्न नहीं किया गया। लक्ष्मण सिंह निवासी ग्राम किशनपुरा को भी पट्टा देने में खामियां मिली। इसमें आवेदन पत्र पर सम्बन्धित वार्ड पंच/सरपंच के हस्ताक्षर मय टिप्पणी अंकित नहीं हैं।

ग्राम पंचायत की ओर से आवेदक से 34 वर्षों से अधिक निवास/कब्जा होने सम्बन्धी कोई भी साक्ष्य पत्रावली में संलग्न नहीं किया गया। इसके अलावा, दोनों अन्य आवेदनों में खामियां मिली हैं। गौरतलब है कि पंचायती राज विभाग की जांच में चरागाह भूमि पर लक्ष्मण राजपूत, ईश्वर राजपूत, अर्जुन राजपूत और दिनेश धाकड़ के नाम पट्टे जारी करने को गलत माना है।

Updated on:
13 Aug 2025 09:50 pm
Published on:
13 Aug 2025 09:50 pm