ऑनलाइन आवेदन देवस्थान विभाग की पोर्टल पर किया जा सकेगा। विशेष परिस्थितियों में ऑफलाइन आवेदन फॉर्म डाउनलोड कर सहायक आयुक्त कार्यालय में जमा किया जा सकेगा।
हर साल बड़ी संख्या में लोग कैलाश मानसरोवर की यात्रा करते हैं। राजस्थान से भी कई यात्री इस दुर्गम यात्रा को पूर्ण करते हैं। अब राजस्थान सरकार कैलाश मानसरोवर की यात्रा पूर्ण करने वाले तीर्थ यात्रियों को अनुदान देगी।
राज्य सरकार की ओर से प्रदेश के 100 तीर्थ यात्रियों को यात्रा पूर्ण होने के बाद प्रत्येक को एक-एक लाख रुपए का अनुदान प्रदान किया जाएगा। देवस्थान विभाग के अधिकारियों के अनुसार प्रत्येक वर्ष राजस्थान से दर्जनों श्रद्धालु कैलाश मानसरोवर यात्रा पर जाते हैं।
यात्रा में लगभग 1.5 से 2 लाख रुपए तक का खर्च आता है। विभाग के सहायक आयुक्त कृष्णकुमार ने बताया कि सरकार की यह पहल उनके आर्थिक बोझ को कम करेगी और अधिक लोगों को इस यात्रा में शामिल होने के लिए प्रेरित करेगी। इसके लिए यात्रियों को अपनी यात्रा पूर्ण करने के बाद देवस्थान विभाग में आवेदन करना होगा।
इसके लिए ऑनलाइन आवेदन देवस्थान विभाग की पोर्टल पर किया जा सकेगा। विशेष परिस्थितियों में ऑफलाइन आवेदन फॉर्म डाउनलोड कर सहायक आयुक्त कार्यालय में जमा किया जा सकेगा।
यदि आवेदन संख्या अधिक हुई तो चयन कंप्यूटराइज्ड लॉटरी प्रणाली से किया जाएगा। आवेदन उपखंड अधिकारी या देवस्थान विभाग के सहायक आयुक्त कार्यालय में उपस्थित होकर जमा करवाना होगा। दस्तावेज सत्यापित होने के बाद सहायता राशि सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर की जाएगी।
कैलाश मानसरोवर यात्रा भारतीय संस्कृति में आध्यात्मिकता, साहस और आस्था का प्रतीक मानी जाती है। ऊंचे पर्वतों और कठिन मार्गों से गुजरने वाली यह यात्रा भक्तों की अटूट श्रद्धा की परीक्षा लेती है। इस योजना से सीमित संसाधनों वाले श्रद्धालुओं को आर्थिक सहयोग मिलेगा और अधिक लोग इस अद्वितीय आध्यात्मिक यात्रा का हिस्सा बन सकेंगे।
यह योजना भारत सरकार के विदेश मंत्रालय द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित कैलाश मानसरोवर यात्रा के यात्रियों के लिए लागू की गई है। तीर्थयात्रियों को यात्रा समाप्त होने के दो माह के भीतर आवेदन करना होगा। यह योजना केवल राजस्थान के स्थायी निवासियों के लिए होगी और यात्रा विदेश मंत्रालय के माध्यम से संपन्न होनी चाहिए। आवेदन के साथ यात्रा सफलतापूर्वक पूर्ण करने का प्रमाण पत्र संलग्न करना अनिवार्य है।