
Union Minister Nitin Gadkari Nitin Gadkari Kota Visit: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर लगातार सामने आ रही खामियों, बढ़ते सड़क हादसों और निर्माण कार्यों की धीमी रफ्तार को लेकर अब केंद्र सरकार भी गंभीर नजर आ रही है। केंद्रीय सड़क परिवहन, राजमार्ग एवं जहाजरानी मंत्री नितिन गडकरी 8 जुलाई को दिल्ली से कोटा तक एक्सप्रेस-वे का सफर कर मौके पर व्यवस्थाओं का जायजा लेंगे। इस दौरान वे लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के साथ दरा टनल के निर्माण कार्य का निरीक्षण भी करेंगे और अधिकारियों से प्रगति की जानकारी लेंगे।
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी दिल्ली से सड़क मार्ग के जरिए दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर सफर करते हुए दोपहर करीब 12 से 1 बजे के बीच कोटा सीमा में प्रवेश करेंगे। यहां लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला भी उनके साथ मौजूद रहेंगे। दोनों नेता एक्सप्रेस-वे की वर्तमान स्थिति, निर्माण गुणवत्ता और यात्रियों को आ रही समस्याओं की जानकारी लेंगे।
इसके बाद वे बालापुरा इंटरचेंज से कोटा शहर को जोड़ने वाली प्रस्तावित 21.7 किलोमीटर लंबी फोरलेन सड़क परियोजना की समीक्षा करेंगे। करीब 1,220 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत वाली इस परियोजना का प्रस्ताव हाल ही में सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को भेजा गया है।
समीक्षा के बाद केंद्रीय मंत्री दरा टनल पहुंचेंगे, जहां निर्माण कार्य का निरीक्षण करेंगे। अधिकारियों से परियोजना की प्रगति, शेष कार्य और संभावित पूर्णता अवधि की जानकारी भी ली जाएगी। दरा टनल परियोजना को हाड़ौती क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है लेकिन निर्माण कार्य की धीमी गति के कारण इसका लोकार्पण लगातार टलता रहा है।
गौरतलब है कि राजस्थान पत्रिका ने हाल ही कोटा से सवाई माधोपुर तक करीब 100 किलोमीटर तक एक्सप्रेस-वे का सफर कर स्थिति को देखा था। इसमें सामने आया कि इस एक्सप्रेस-वे पर मोटा टोल वसूल किया जाता है, लेकिन एक्सप्रेस-वे चलने लायक ही नहीं है। इस कारण आए दिन जानलेवा हादसे हो रहे हैं। पत्रिका की खबरों की गूंज दिल्ली तक पहुंची। लोकसभा अध्यक्ष ने भी इस मामले से नितिन गडकरी को अवगत कराया। दरा टनल का कार्य भी सुस्त गति से चल रहा है। इस कारण लोकार्पण की तिथि बार-बार बढ़ानी पड़ रही है। टनल चालू नहीं होने से वाहन चालकों को भारी परेशानी होती है और आए दिन दरा घाटी में जाम की मुसीबत झेलने को विवश होना पड़ता है।