कोटा

भाजपा देहात जिलाध्यक्ष आए डेंगू की चपेट में तो पूर्व सांसद इज्यराज सिंह ने कलक्टर को लिखा Letter

कोटा. शहर में डेंगू का कहर जारी है। भाजपा देहात जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह भी डेंगू की चपेट में आ गए हैं।

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Oct 08, 2017
#Sehatsudharosarkar:BJP President of the District Suffered From Dengue

कोटा. शहर में डेंगू का कहर जारी है। भाजपा देहात जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह भी डेंगू की चपेट में आ गए हैं। उन्होंने बताया कि दशहरा के एक दिन बाद अचानक बुखार हो गया। उसके बाद स्थिति बिगड़ गई। तलवंडी स्थित निजी अस्पताल में जांच कराई तो वहां डेंगू पाया गया। प्लेटलेट्स कम हो गई। पहले 1 लाख 75 हजार थी। अब 1 लाख 15 हजार प्लेटलेट्स हंै। डॉ. मनोज सलूजा ने बताया कि सिंह को कार्ड टेस्ट में डेंगू पाया गया।

18 डेंगू और 3 स्वाइन फ्लू के नए केस
कोटा संभाग में डेंगू के 18 मामले सामने आए हैं। इनमें कोटा के 14, बारां 2, बूंदी व चितौडगढ़़ का 1-1 रोगी व स्वाइन फ्लू के तीन मामले सामने आए है। इनमें कोटा का 1, बारां के 2 मरीज शामिल है।

बीमारियों पर ठोस कदम उठाएं
पूर्व सांसद इज्यराज सिंह ने जिला कलक्टर को पत्र लिखकर बीमारियों पर नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है। सिंह ने लिखा है कि बीमारी के प्रकोप को लेकर समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए। अभी डेंगू, स्वाइन फ्लू, मलेरिया का कहर चरम पर है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।

जागा प्रशासन, जगपुरा में घर-घर सर्वे, कराई फोगिंग
जगपुरा. नगर निगम के वार्ड 6 में शामिल जगपुरा में लोगों के डेंगू व मलेरिया से पीडि़त होने के बारे में राजस्थान पत्रिका में शनिवार को समाचार प्रकाशित होने के बाद चिकित्सा विभाग हरकत में आ गया। शनिवार को रानपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर और नर्स ने कस्बे में जाकर घर-घर सर्वे किया। चिकित्सक ने रोगियों की जांच व उपचार किया तथा 60 सेम्पल लिए, जिन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा। शाम को प्रशासन की ओर से गांव में फोगिंग भी करवाई गई।

वहीं कस्बे में फैली मौसमी बीमारियों के बावजूद चिकित्सा विभाग व प्रशासन की ओर से ध्यान नहीं देने का आरोप लगाते हुए कांगे्रस कार्यकर्ताओं ने नाराजगी जताई है। कांगे्रस के शिवराज गुंजल व हंसराज चारण के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता मौके पर चिकित्सक को लेकर गए और पूरी स्थिति से अवगत कराया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि कस्बे में मौसमी बीमारियां फैलने के बावजूद प्रशासन ने यहां आकर हालात तक नहीं देखे।

Published on:
08 Oct 2017 07:19 pm