कोटा

Employee News: श्रमिकों का करोड़ो रूपया खाकर प्रबंधकों ने रचा षडयंत्र, श्रमिक बोले एक इंच जमीन भी नहीं देंगे बेचने

कोटा. सेमटेल श्रमिकों की शुक्रवार सुबह फैक्ट्री में बैठक हुई। जिसमें श्रमिकों ने बताया कि फैक्ट्री प्रबंधन 5 साल से हठधर्मिता पर कायम है।

2 min read
Jan 13, 2018

कोटा.

सेमटेल श्रमिकों की शुक्रवार सुबह फैक्ट्री स्थित वक्र्स समिति कार्यालय में बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता ग्लास वक्र्स समिति अध्यक्ष मिलन शर्मा ने की। उन्होंने श्रमिकों को अब तक की गई लीगल कार्यवाही से अवगत कराया।

ये भी पढ़ें

छुटपुट घटनाओं को छोड़कर सफल रहा हाड़ौती बंद ….देखिए तस्वीरें…

Read More: Human Angle Story: Video: बेटे को देख मां की अंतरात्मा का दर्द छलका, बोली तु असी करगो या तो कदी सोची भी न छी

श्रमिकों ने बताया कि फैक्ट्री प्रबंधन अभी भी हठधर्मिता पर कायम है। फैक्ट्री से बेरोजगार किए 1800 श्रमिकों को अभी तक भी बकाया 55 करोड़ का भुगतान नहीं किया, जबकि फैक्ट्री को बंद किए पांच साल हो गए। प्रदेश सरकार के 5 वर्ष पूरे होने को आए, लेकिन अभी तक श्रमिकों को न्याय नहीं मिला। जनप्रतिनिधि इस मुद्दे पर मौन हैं। श्रमिकों ने चेताया कि जब तक बकाया भुगतान नहीं होगा, वह कम्पनी की एक इंच जमीन भी नहीं बेचने देंंगे।

श्रमिक प्रतिनिधि महेंद्र शर्मा ने कहा कि कोटा के भूमाफियाओं के साथ मिलकर सेमटेल के जिम्मेदार प्रबंधक षडयंत्र रच रहे हैं। श्रमिक प्रतिनिधि जीतराम यादव ने कहा कि सेमटेल प्रबंधन वर्ग ने करोड़ों का गबन किया है, लेकिन प्रशासन भी इस समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा।

श्रमिक प्रतिनिधि अशोक कुमार, सुरेश शर्मा, राजकुमार गुप्ता, अनवर खान, गजेंद्र, अरविंद एवं दिनेश सेन ने बताया कि सेमटेल की जमीन पर कोचिंग का निर्माण कार्य जोरों पर चल रहा है। आस-पास की जमीन पर बिल्डरों ने नई-नई आवासीय कालोनियों विकसित कर बेच दी। सेमटेल की 175 बीघा भूमि बेकार पड़ी है। 10 बीघा जमीन भी खुले में नीलाम करवा दी जाए तो श्रमिकों को बकाया भुगतान हो सकता है।

ये भी पढ़ें

Utility News : दिल की उम्र बढ़ाने को हो जाइए तैयार, कोटा में शुरू हो रही 100 km साइकिल रेस
Published on:
13 Jan 2018 02:56 pm
Also Read
View All