
Kushinagar News: कुशीनगर जिले में तीन मासूम बहनों की मौत ने झकझोर कर रख दिया है। यह दर्दनाक हादसा नेबुआ नौरंगिया थानाक्षेत्र के दुबौली गांव में हुआ। इस गाँव की तीन मासूम बच्चियों को क्या पता था कि जहां वह रोज खेलती थीं, वहां आज के बाद वह फिर कभी नहीं मिलेंगी। शुक्रवार शाम को रोज की तरह तीनों बहने सिधरिया ड्रेन की पुलिया पर बैठ का आपस में खेल रही थीं, पास ही उनका भाई भी खेल रहा था। इसी दौरान तीनों बहनों का संतुलन बिगड़ा और नाले में गिर गईं।
पहले तो भाई वहां चीखा, चिल्लाया फिर गांव भागकर सबको घटना की जानकारी दिया। सूचना पर पुलिस और NDRF पहुंचकर रेस्क्यू शुरू की लेकिन अंधेरा होने से दिक्कत आने लगी, शनिवार को NDRF ने सुबह सात बजे के करीब 12 घंटे के बाद तीन बच्चियों का शव बरामद किया। घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है। पुलिस ने शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सूचना मिलने पर सदर एसडीएम राजीव निगम, तहसीलदार अभिषेक मिश्र, क्षेत्राधिकारी वीरेंद्र सिंह तथा सदर विधायक मनीष जायसवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि घटनास्थल पर पहुंचे। करीब तीन घंटे बाद NDRF की दो टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थानीय पुलिस व ग्रामीणों के सहयोग से देर रात करीब एक बजे तक सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद अभियान रोक दिया गया।
बच्चियों के शव बरामद होते ही कोहराम मचा हुआ है, पुलिस ने शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जानकारी के मुताबिक दुबौली गांव के रहने वाले शंभू चौहान टाइल्स लगाने का काम करते हैं। परिवार में पत्नी सुभावती देवी, बेटियां वंदना, विनीता, सपना, शिवानी और बेटा पवन के साथ रहते हैं। सपना कक्षा 7 और शिवानी कक्षा 6 में पढ़ती थी। बगल में शंभू के भाई रंजित चौहान पत्नी राबड़ी देवी , 2 बेटियों संध्या, कुंजन और बेटों रिकांशु, प्रियांशु के साथ रहते हैं। कुंजन कक्षा 4 में पढ़ती थी। शुक्रवार शाम सपना, शिवानी और कुंजन घर से निकलीं। साथ में भाई प्रियांशु को भी ले गईं। तीनों नाले के पुल पर पहुंचीं। रेलिंग पर पैर लटकाकर बैठ गईं। अचानक संतुलन बिगड़ने से तीनों गहरे नाले में गिर गईं।