
Nidhi Shukla Statement on Amarmani Tripathi: कवयित्री मधुमिता शुक्ला हत्याकांड मामले में लंबी कानूनी लड़ाई लड़ने वाली उनकी बहन और कांग्रेस की पीसीसी सदस्य निधि शुक्ला ने अपनी ही पार्टी को खुली चेतावनी दे दी है। पूर्व मंत्री और बाहुबली नेता अमरमणि त्रिपाठी के कांग्रेस में शामिल होने की अटकलों और चर्चाओं के बीच निधि शुक्ला ने साफ कर दिया है कि वह इसका पुरजोर विरोध करेंगी। रविवार को लखीमपुर खीरी में एक प्रेसवार्ता करते हुए निधि ने एलान किया कि अगर अमरमणि को कांग्रेस या किसी भी अन्य पार्टी में शामिल किया गया तो वह सीधे दिल्ली जाकर जंतर-मंतर पर धरना प्रदर्शन और आमरण अनशन करेंगी।
निधि शुक्ला ने मीडिया से बातचीत में बताया कि 8 सितंबर को फरेंदा में कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव अभिषेक दत्त का स्वागत समारोह था। इसी दौरान यह बात उठी थी कि अमरमणि त्रिपाठी जल्द ही कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं। जैसे ही निधि को इस बात की भनक लगी उन्होंने तुरंत पार्टी नेतृत्व के सामने अपना कड़ा विरोध जाहिर किया है। निधि ने बताया कि उन्होंने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय समेत पार्टी के तमाम बड़े नेताओं से संपर्क किया है और अमरमणि को पार्टी में लेने के खिलाफ अपनी बात रखी है।
प्रेसवार्ता के दौरान निधि ने पुराने दिनों को याद करते हुए बताया कि साल 2004 में जब वह अपनी बहन मधुमिता के हत्याकांड की पैरवी कर रही थीं तब उन्होंने तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की थी। सोनिया गांधी ने उनकी पूरी बात बड़े ध्यान से सुनी थी और न्याय की इस लड़ाई में पूरा सहयोग देने का भरोसा भी दिलाया था। निधि ने दावा किया कि प्रियंका गांधी ने भी अमरमणि जैसे लोगों से दूरी बनाए रखने की बात कही थी।
कांग्रेस की पीसीसी सदस्य निधि शुक्ला केवल कांग्रेस नेताओं तक ही सीमित नहीं हैं बल्कि उन्होंने इस मामले में चुनाव आयोग को भी पत्र लिखा है। अमरमणि त्रिपाठी को मधुमिता हत्याकांड में आजीवन कारावास की सजा मिल चुकी है। इसके अलावा उन्होंने यह भी बताया कि बस्ती में हुए एक अपहरण के मामले में भी अमरमणि को फरार घोषित अपराधी माना गया है। निधि का कहना है कि ऐसे दागी व्यक्ति का राजनीति में आना या किसी राष्ट्रीय पार्टी में शामिल होना पूरी तरह से गलत है।