
खाद की शिकायत पर भड़के BJP विधायक
Vinod Shankar Awasthi Viral Video: उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में धौरहरा से भाजपा विधायक विनोद शंकर अवस्थी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। वीडियो में कुछ ग्रामीण विधायक से खाद की कथित ओवररेटिंग की शिकायत करते दिखाई दे रहे हैं। ग्रामीणों की बात सुनते-सुनते विधायक अधिकारियों और प्रभावशाली लोगों के खिलाफ कार्रवाई की बात कहते नजर आते हैं। इसी दौरान उनका एक बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
वायरल वीडियो में विधायक कहते सुनाई दे रहे हैं, “मैं रूलिंग पार्टी का विधायक हूं। पेड़ सूख जाएगा अगर देख लूंगा तो। नौकरी चली जाएगी।” उनके इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
बताया जा रहा है कि गांव के कुछ लोग खाद निर्धारित कीमत से ज्यादा दाम पर मिलने की शिकायत लेकर विधायक के पास पहुंचे थे। ग्रामीणों का आरोप था कि उन्हें खाद खरीदने के लिए तय कीमत से अधिक रकम चुकानी पड़ रही है। ग्रामीणों ने विधायक से मामले में हस्तक्षेप करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई कराने की मांग की। शिकायत सुनते समय विधायक ने अधिकारियों और कथित तौर पर प्रभावशाली लोगों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की बात कही।
वीडियो में विधायक यह भी कहते नजर आ रहे हैं कि उन्हें गरीब और आम लोगों ने वोट देकर विधानसभा पहुंचाया है। वह किसी बड़े व्यक्ति के दबाव में काम नहीं करेंगे। उनका कहना है कि सामने वाला कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, अगर वह गलत कर रहा है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। विधायक का यह अंदाज अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।
वीडियो में विधायक द्वारा खुद को सत्तारूढ़ दल का विधायक बताते हुए अधिकारियों पर कार्रवाई की बात कहने वाले हिस्से को लेकर भी सोशल मीडिया पर बहस हो रही है। कुछ लोग इसे अधिकारियों को चेतावनी देने वाला तेवर बता रहे हैं, जबकि कुछ यूजर्स उनके शब्दों और अंदाज पर सवाल उठा रहे हैं। वीडियो में विधायक का पूरा संदर्भ क्या था और बातचीत के दौरान उन्होंने किस अधिकारी या व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की बात कही, यह संबंधित मामले की पूरी जांच और आधिकारिक प्रतिक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगा।
विनोद शंकर अवस्थी पेशे से शिक्षक रहे हैं और 2022 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें धौरहरा सीट से उम्मीदवार बनाया था। चुनाव जीतकर वह पहली बार विधानसभा पहुंचे। शिक्षक के रूप में उनकी पहचान एक अच्छे अध्यापक के तौर पर रही है। हालांकि, विधायक बनने के बाद उनके कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आते रहे हैं, जिनमें वह क्षेत्रीय समस्याओं और अपनी सीमाओं को लेकर बात करते नजर आए हैं। स्थानीय स्तर पर कुछ लोग क्षेत्र में विकास कार्यों को लेकर भी विधायक पर सवाल उठाते रहे हैं। वहीं, समर्थक उन्हें जनता की समस्याओं को सीधे अधिकारियों तक पहुंचाने वाला जनप्रतिनिधि बताते हैं। फिलहाल खाद की कथित ओवररेटिंग को लेकर वायरल हुए इस वीडियो ने एक बार फिर धौरहरा विधायक को चर्चा में ला दिया है। वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और वीडियो में लगाए गए आरोपों पर संबंधित अधिकारियों या खाद विक्रेताओं का पक्ष सामने आना बाकी है।
Updated on:
18 Aug 2026 01:09 pm
Published on:
18 Aug 2026 01:07 pm
