
नई दिल्ली। बीते दो महीने से रिलायंस फ्यूचर ग्रुप डील ( Ril-Future Deal ) को लेकर खबरों का बाजार गर्म है। वैसे डील अभी फाइनल नहीं हुई है, मामला लास्ट स्टेज में अटका हुआ है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार दोनों के बीच आने वाले दिनों में 10 दिनों में डील फाइन हो सकती है। जानकारी के अनुसार यह डील फ्यूचर ग्रुप ( Future Group ) के मालिक किशोर बियानी के निजी कर्ज ( Kishore Biyani Debt ) की वजह से फंसी हुई है। उन पर 2000 करोड़ रुपए का कर्ज है। दोनों कंपनियों के बीच डील को लेकर बातचीत चल रही है।
करीब 23 हजार करीब रुपए की डील
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार रिलायंस इंडस्ट्रीज फ्यूचर ग्रुप के रिटेल कारोबार को अपने नाम करने का मन बना चुकी है। जिसकी इंटरप्राइज वैल्यू करीब 23 हजार करोड़ रुपए की है। जिसमें कंपनी का कर्ज शामिल है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मुकेश अंबानी फ्यूचर ग्रुप के एफएमसीजी बिजनेस फ्यूचर कंज्यूमर में भी 10 से 15 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं।
डेढ़ हफ्ते में हो सकती है डील
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार फ्यूचर ग्रुप पर 30 सितंबर 2019 तक कुल 12,778 करोड़ का कर्ज था। 31 मार्च 2019 को यह यह कर्ज 10,951 करोड़ रुपए पर आ गया था। जानकारों की मानें तो रिलायंस इंडस्ट्रीज और फ्यूचर ग्रुप के बीच यह डील डेढ़ हफ्ते यानी 10 दिनों पूरी हो सकती है। जिसके बाद बाद मुकेश अंबानी भारत के सबसे बड़े रीटेल कारोबारी बन जाएंगे। जिसके बाद वो रिलायंस रीटेल डिसइंवेस्टमेंट का प्रोसेस शुरू कर देंगे।