Google New Feature: गूगल ने अपने प्लेटफार्म पर फेक न्यूज को रोकने के लिए हर सर्च पोस्ट को 'About this Result' से जोड़ने का फैसला किया है। गूगल के इस नए फीचर से पता चल सकेगा कि किसी भी यूजर का सर्च रिजल्ट कितने हद तक सही है और उसे पढ़ा गया है या नहीं।
नई दिल्ली। यदि आपको किसी भी सवाल का जवाब नहीं पता हो तो फौरन गूगल करते हैं और पलक झपकते ही उससे संबंधित उत्तर आपको पास होता है। लेकिन सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव के कारण हर दिन हमारे पास सैंकड़ों की संख्या में खबरें व सूचनाएं आती हैं, उसमें से बहुत सारे फर्जी या गलत सूचनाएं होती हैं या फिर अफवाह फैलाने के उद्देश्य से प्रसारित किया गया होता है। ऐसे में फेक सूचनाओं से सावधान रहना बहुत जरूरी है।
फेक न्यूज या अफवाह या फिर गलत सूचनाओं के प्रसार पर रोक लगाने के लिए तमाम सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म नई-नई तकनीक का सहारा लेते रहते हैं और अपने स्तर पर कार्रवाई भी करते हैं। अब इसी कड़ी में दुनिया की सबसे बड़ी सर्ज इंजन गूगल एक बेहतरीन फीचर लॉंच करने जा रही है। इस फीचर के माध्यम से फेक न्यूज का पता लगाया जा सकता है और उसको आगे बढ़ने से रोका जा सकता है।
दरअसल, गूगल के लिए फेक न्यूज सबसे बड़ी मुसीबत बन गई है। खासकर फेसबुक, ट्विटर या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए धड़ल्ले से शेयर कर फैलाई जाती है। ऐसे में गूगगल का ये नया फीचर फेक न्यूज को फैलने से रोकने में बहुत ही कारगर साबित हो सकता है।
क्या है गूगल का नया फीचर
जानकारी के मुताबिक, गूगल ने अपने प्लेटफार्म पर फेक न्यूज को रोकने के लिए हर सर्च पोस्ट को 'About this Result' से जोड़ने का फैसला किया है। गूगल के इस नए फीचर से पता चल सकेगा कि किसी भी यूजर का सर्च रिजल्ट कितने हद तक सही है और उसे पढ़ा गया है या नहीं।
गूगल से पहले फेक खबरें या अफवाहों को रोकने के लिए ट्विटर और फेसबुक ने अपने-अपने प्लेटफॉर्म पर नए फीचर जोड़े हैं। जहां एक ओर ट्विटर ने अपने प्लेटफॉर्म पर 'मैनिपुलेटेड मीडिया' नाम का एक ट्वीट लेबल शुरू किया है, तो वहीं फेसबुक भी कई सारे टूल्स का इस्तेमाल करता है। हालांकि इसके बावजूद भी फेक न्यूज पर लगाम नहीं लगाया जा पा रहा है।
इस तरह से काम करेगा गूगल का फीचर
बता दें कि गूगल ने अपने इस नए फीचर के बारे में I/O 2021 इवेंट में बताया था। गूगल के अनुसार, यूजर्स के पास इस फीचर के जरिए सर्च रिजल्ट के और भी सोर्स के ऑप्शन होंगे। हालांकि, अधिक से अधिक सटिकता हासिल करने के लिए गूगल विकिपीडिया के साथ मिलकर इस पर काम कर रहा है।
इस नए फीचर के आने के बाद सर्च में जो भी सामने आएगा, उसकी तुरंत जांच की जा सकेगी। साथ ही यूजर्स ये भी देख पाएंगे कि एक वेबसाइट खुद को कैसे डिस्क्राइब करती है। वहीं, वेबसाइट के साथ एक विकिपीडिया पेज भी जुड़ा होगा।
जानकारी के अनुसार, इस फीचर को गूगल ने थर्ड पार्टी सेवाओं में प्रयोग करने के लिए फैसला लिया है। खासकर, पोलाइटीफैक्ट और स्नोप जोकि फैक्ट चेकिंग का काम करते हैं। जानकारी के मुताबिक, अब विकिपीडिया पर किसी भी वेबसाइट की पूरी जानकारी ताजा अपडेट्स के साथ आपको मिल जाएगी।