Natural Home Cooling Tip: गर्मी के बढ़ते ही बिना एसी-कूलर के घर में रहना मुश्किल हो जाता है। लेकिन बाजार में इनकी बढ़ती मांग की वजह से इनके दाम भी बढ़ गए हैं, जिसे कुछ लोग चाह कर भी खरीद नहीं सकते, खासकर किराए पर रहने वाले या बाहर रह कर पढ़ाई करने वाले छात्र। ऐसे में अगर आप गर्मी से राहत पाना चाहते हैं, तो आप यहां बताए गए दो पर्दों में से कोई भी एक पर्दा अपने कमरे में लगाकर राहत पा सकते हैं।
How To Cool Room Without AC: अभी कुछ दिन पहले बारिश की वजह से मौसम ठंडा था, वहीं अब अचानक मौसम बदलने की वजह से शरीर झुलसा देने वाली चिलचिलाती धूप ने लोगों का बुरा हाल कर रखा है। इससे घर से बाहर जाने वाले तो परेशान हैं ही, लेकिन घर में रहने वाले भी परेशान हैं। इसके चलते बाजार में एसी और कूलर की मांग बढ़ गई है, जिसके कारण इनके दाम भी बढ़ गए हैं। ऐसे में अगर आपके घर में एसी-कूलर नहीं हैं और आप गर्मी से परेशान हैं, तो हमारा आज का यह लेख आपके काम आ सकता है। आज के इस लेख में हम दो ट्रेडिशनल पर्दों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनका इस्तेमाल पुराने जमाने के साथ-साथ आज भी गांवों में गर्मी से बचने के लिए किया जाता है। आइए, जानते हैं इन पर्दों के बारे में विस्तार से।
गर्मी में घर को नेचुरल तरीके से ठंडा रखने के लिए खसखस और जूट के पर्दे बड़े ही काम के हैं। खसखस की खास बनावट और जूट के रेशे पानी को काफी देर तक सोख कर रखते हैं। ऐसे में घर की खिड़की या दरवाजे पर जब बाहर से गर्म हवा अंदर आने की कोशिश करती है, तो वह पहले इन भीगे हुए पर्दों से होकर गुजरती है। जैसे ही गर्म हवा ठंडे पर्दों के संपर्क में आती है, उसका तापमान कम हो जाता है और कमरे के अंदर एक ठंडी और राहत भरी हवा आती है। यह बिल्कुल किसी नेचुरल कूलर की तरह काम करता है।
इन पर्दों का असर तभी दिखेगा जब आप इन्हें सही तरीके से इस्तेमाल करेंगे। इन्हें खिड़की पर लगाने के बाद एक स्प्रे बोतल की मदद से इन पर समय-समय पर ठंडा पानी छिड़कते रहें। जब पर्दा पूरी तरह भीगा रहेगा, तभी बाहर की हवा ठंडी होकर अंदर आएगी। कोशिश करें कि इन्हें खिड़की के बाहरी हिस्से पर लगाएं ताकि धूप सीधे पर्दे पर पड़े और घर के अंदर गर्मी बिल्कुल न आए। जूट के पर्दे थोड़े भारी होते हैं, इसलिए इन्हें इस तरह लगाएं कि हवा का बहाव न रुके।
इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह बिना बिजली के कमरे को ठंडा रखने का एक इको-फ्रेंडली तरीका है। खस की भीनी महक और जूट का नेचुरल टेक्सचर घर के माहौल को एकदम फ्रेश और खुशनुमा बना देते हैं। लेकिन इन्हें इस्तेमाल करते समय बस एक छोटी सी सावधानी रखें कि पर्दों में पानी की नमी बरकरार रहे, क्योंकि सूखने पर ये ठंडी हवा देना बंद कर देंगे। साथ ही, इन्हें साफ-सफाई के लिए बीच-बीच में थोड़ा सुखाना भी जरूरी है ताकि इनमें सीलन या फफूंद न लगे।